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जीडीए की कालोनियां टेकओवर नहीं करेगा निगम

Fri, 05 Jun 2015 01:11 AM IST
अमर उजाला, गाजियाबाद
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स्वर्णजयंतीपुरम, इंदिरापुरम और प्राइवेट बिल्डर की कालोनी अवंतिका में नगर निगम विकास कार्य नहीं कराएगा। नगर निगम ने इन कालोनियों में मानकों के अनुरूप नागरिक सुविधाएं विकसित हुए बिना टेकओवर करने से साफ इनकार कर दिया है।
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अभी तक कालोनियों को टेकओवर करने का विरोध बयानों में चल रहा था, लेकिन अब निगम बोर्ड में कालोनियां टेकओवर करने पर रोक लग गई है।

ऐसे में जीडीए और बिल्डर भले ही इन कालोनियों के लोगों को सुविधाएं उपलब्ध करा दे, लेकिन निगम इन कालोनियों में अपने बजट से कोई काम नहीं कराएगा।

जीडीए की विकसित कालोनी इंदिरापुरम, स्वर्णजयंतीपुरम और प्राइवेट बिल्डर की कालोनी अवंतिका को नगर निगम को हैंडओवर करने की तैयारी गुपचुप चल रही है। बीते दिनों जीडीए ने निगम को लेटर भेजकर इंदिरापुरम हैंडओवर करने से पहले की प्रक्रिया पूरी करने को कहा था।

इस पर निगम के सभी विभागों ने सर्वे का काम भी शुरू कर दिया था। अब निगम बोर्ड ने इस पर बोर्ड बैठक में भी दो टूक फैसला कर दिया है। बोर्ड ने यह निर्णय नगर निगम के पुराने कड़वे अनुभवों के चलते लिया है।
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जीडीए की गोविंदपुरम, नंदग्राम और प्राइवेट बिल्डर की चिरंजीव विहार कालोनी को टेकओवर कर नगर निगम परेशान है। इन कालोनियों में बिल्डिंगें अभी तक बन रहीं हैं और इनसे डेवलपमेंट शुल्क भी जीडीए ले रहा है, लेकिन कालोनियों की मेंटेनेंस नगर निगम को करानी पड़ रही है।

ऐसे में आर्थिक संकट से जूझ रहे नगर निगम ने इंदिरापुरम, स्वर्णजयंतीपुरम और अवंतिका समेत किसी भी कालोनी को टेकओवर करने से इनकार कर दिया है। पार्षदों का कहना है कि इंदिरापुरम जैसी बड़ी कालोनी टेकओवर की तो निगम की कमाई का आधा हिस्सा इस कालोनी के मेंटेनेंस पर खर्च करना पड़ेगा।

प्राइवेट कालोनियों में परेशान हैं रेजिडेंट्स
जीडीए द्वारा विकसित कालोनियों के निगम को हैंडओवर होने तक जीडीए अपने स्तर पर सुविधाएं मुहैया करा रहा है, लेकिन दिक्कतें बिल्डरों की प्राइवेट कालोनियों में रहने वाले रेजिडेंट्स को झेलनी पड़ रही हैं।

मोहननगर स्थित पार्श्वनाथ पैराडाइज कालोनी में बिल्डर सुविधाएं नहीं दे रहा और नगर निगम कालोनी टेकओवर नहीं कर रहा। फिलहाल यहां सीवर व्यवस्था चौपट है, सड़कें टूटी हैं और पार्क उजड़े हुए हैं।

हालांकि जीडीए की तुलसी निकेतन और न्यायखंड कालोनी में रेजिडेंट्स विभागों की लड़ाई की वजह से सुविधाओं से वंचित हैं।

200 अवैध कालोनियां भी विकास के इंतजार में
200 अवैध कालोनियां भी विकास कार्यों का इंतजार कर रही हैं। अवैध कालोनियों से टैक्स न मिल पाने की वजह से नगर निगम इन कालोनियों में विकास कार्य नहीं करा रहा है।

इनमें महेंद्रा एंकलेव, बागू, क्रिश्चियन नगर, हिंडन विहार, राहुल विहार, शांति नगर, भीमनगर, रोजी कालोनी, सैन विहार, अकबरपुर-बहरामपुर, न्यू फ्रेंड्स कालोनी शामिल हैं।

नगर निगम के लिए चिंता बनीं ये कालोनियां
राजनगर एक्सटेंशन, क्रासिंग्स सिटी, हाईटेक सिटी फिलहाल भले ही बिल्डरों के भरोसे हैं, लेकिन भविष्य में ये कालोनियां भी निगम को हैंडओवर की जाएंगी।

निगम अभी अवंतिका और स्वर्णजयंती पुरम जैसी छोटी कालोनी को ही टेकओवर करने की क्षमता में नही है। ऐसे में छोटे शहर के आकार वाली ये बड़ी कालोनियां भविष्य में परेशानी कर सकती हैं।
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