बता दें कि कचरे के निस्तारण के लिए सरकार ने इको ग्रीन कंपनी को वर्ष 2017 से ठेका दिया हुआ है, लेकिन कंपनी ने अभी तक कूड़े के निस्तारण का काम शुरू नहीं किया है। प्लांट में रोजाना गुरुग्राम से 850 टन कचरा लाया जा रहा है। वहीं फरीदाबाद से 750 टन कचरा प्लांट में लाया जा रहा है।
अंकित अग्रवाल, सीईओ, इको ग्रीन कंपनी, गुरुग्राम ने बताया कि, कचरा निस्तारण करने में करीब डेढ़ से दो वर्ष का समय लग जाएगा लेकिन कचरे को ज्यादा ऊपर नहीं किया जा रहा है। मशीनों से कचरे को सही तरीके से लगाया जाता है। कचरे के ढेर में गैस नहीं बने इसके लिए कचरे के ढेर के बीच में आसमान की ओर से पाइप लगाया गया है, जिस कारण कचरे में किसी प्रकार की गैस नहीं बनती।