9 जून को कोर्ट ने दिया था आदेश
न्यायाधीश वासन ने इससे पहले 9 जून को आदेश दिया था कि मौजूदा आवेदन आंशिक रूप से स्वीकार किया जाता है। ऐसे में 14 जून को सुबह छह से सात बजे के बीच अस्पताल से संबंधित उपचार करने वाले डॉक्टर जेल परिसर का दौरा करेंगे, जहां आवेदक है।
एक घंटे के भीतर अस्पताल पहुंचे वीर्य
इस दौरान संबंधित डॉक्टर टीम जेल में अभियुक्त के वीर्य के नमूने एकत्र करेंगे और गोपनीयता बनाए रखी जानी चाहिए ताकि नमूना आसानी से एकत्र किया जा सके। संग्रह के बाद नमूना आवेदक की देखरेख में अस्पताल के प्रतिनिधि को सौंप दिया जाना चाहिए ताकि नमूना एक घंटे के भीतर संबंधित अस्पताल को भेजा जा सके।
मांगी थी छह घंटे की पैरोल
आवेदक ने आईवीएफ उपचार से संबंधित तत्काल चिकित्सा प्रक्रिया से गुजरने के लिए सक्षम करने हेतु 6 घंटे के लिए अंतरिम हिरासत पैरोल देने के लिए एक आवेदन प्रस्तुत किया था। अदालत ने एम्स और आरएमएल अस्पतालों से भी रिपोर्ट तलब की थी।
एम्स ने दिया ये जवाब
एम्स की ओर दाखिल जवाब के अनुसार, वीर्य के नमूने गुरुग्राम की आईवीएफ टीम की देखरेख में तिहाड़ जेल में एकत्र किए जा सकते हैं। आईवीएफ लैब में स्थानांतरित किए जा सकते हैं, जहां आरोपी की पत्नी का उपचार चल रहा है। वीर्य के नमूनों को 60 मिनट के भीतर संरक्षित किया जाना है।