अनुशासन का पाठ पढ़ाने वाली भारतीय जनता पार्टी में भी टिकट को लेकर घमासान शुरू हो गया है। शनिवार को फरीदाबाद सेक्टर-16 स्थित भाजपा कार्यालय पर पर्यवेक्षक सुधा यादव ने दावेदारों के बारे में पार्टी पदाधिकारियों की राय ली। दावेदारों ने बढ़ चढ़कर दावेदारी पेश की। इस दौराना खासा हंगामा हुआ।
बताया जाता है कि पार्टी के विभिन्न मोर्चों के लोगों के नाम दावेदारों की सूची में न डालने के खिलाफ पर्यवेक्षक विरोधी नारे लगाए गए। शनिवार को तिगांव, फरीदाबाद शहरी एवं बल्लभगढ़ विधानसभा क्षेत्रों के पार्टी कार्यकर्ताओं ने टिकट के लिए अपना दावा पेश किया। फजीहत से बचने के लिए पार्टी ने मीडिया से दूरी बनाए रखी।
सबसे दिलचस्प दावा और समर्थन तिगांव विधानसभा क्षेत्र का रहा। जहां केंद्रीय सड़क, परिवहन एवं जहाजरानी राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर के बेटे देवेंद्र चौधरी को ज्यादातर पार्टी पदाधिकारियों का समर्थन मिला।
यह गुर्जर की पारंपरिक सीट रही है। जबकि शुक्रवार को बड़खल, एनआईटी एवं पृथला के दावेदारों ने अपनी पहली परीक्षा के लिए आवेदन फार्म भरे थे। अब पर्यवेक्षक की रिपोर्ट पर पार्टी के प्रदेश प्रभारी एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष को फैसला लेना है।
कहां से कौन-कौन दावेदार:
-बल्लभगढ़: मूलचंद शर्मा, नरेंद्र गुप्ता, सुरेंद्र तेवतिया, अनिल प्रताप सिंह।
-फरीदाबाद शहरी: विपुल गोयल, प्रवेश मेहता, धनेश अदलखा, रमेश गुप्ता, अजय गौड़।
-तिगांव: देवेंद्र चौधरी, ओम प्रकाश रक्षवाल, अजय बैसला, अजय गौड़।
-पृथला: नयनपाल रावत, सोहनपाल छोकर, सुखबीर, आशा हुड्डा।
-बड़खल: सीमा त्रिखा, चंदर भाटिया, जगदीश भाटिया, गजेंद्र भड़ाना, संजीव अरोड़ा।
-एनआईटी: नीरा तोमर, सतीश फागना, वीर सिंह नैन, जगदीश भाटिया, वेदराम शर्मा।