फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बेच दी बलवंत राय की जमीन: जेल में काट रहा था आजीवन कारावास, बाहर सरपंच ने फर्जी साइन से कर दिया 'खेला'

Sun, 04 Dec 2022 07:52 PM IST
Vikas Kumar संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदाबाद

सार

आरोप है राजस्व विभाग से कागज निकालने के बाद पुलिस व अन्य विभागों के चक्कर लगाते रहे लेकिन उनकी किसी ने नहीं सुनी। मजबूर होकर उन्होंने गृहमंत्री अनिल विज से मामले की शिकायत की।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजस्थान में हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे एक व्यक्ति की एक एकड़ जमीन कुछ लोगों ने धोखे से किसी और को बेच दी। सजा पूरी होने के बाद जेल से छूटने पर पीड़ित को इस बात का पता लगा। पीड़ित ने गृहमंत्री अनिल विज से न्याय की गुहार लगाई। गृहमंत्री के हस्तक्षेप के बाद धौज थाना पुलिस दो आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जिस समय धोखाधड़ी हुई पीड़ित जेल में था।

विज्ञापन

मूलरूप से राजस्थान के जिला भिवाड़ी स्थित सिवानी गांव निवासी बलवंत राय ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनके पिता श्योनारायण ने साल 1985 में धौज इलाके की कोट पहाड़ी में करीब एक एकड़ जमीन खरीदी थी। साल 1986 में हत्या के मामले में बलवंत व उसके पिता को निचली अदालत ने फांसी की सजा सुना दी। इसके बाद दोनों राजस्थान जेल में बंद थे। 

हाईकोर्ट में अपील के बाद अदालत ने फांसी की सजा को उम्रकैद में बदल दिया। साल 2000 तक बलवंत और उसके पिता उम्रकैद की सजा काट रहे थे। सजा पूरी होने के बाद जब दोनों छूटे तो फरीदाबाद में अपनी जमीन की जानकारी लेने आए। यहां उन्हें जमीन के बिकने की जानकारी मिली। इसके बाद उन्होंने राजस्व विभाग से जमीन के कागजात निकालवाए। 

आरोप है राजस्व विभाग से कागज निकालने के बाद पुलिस व अन्य विभागों के चक्कर लगाते रहे लेकिन उनकी किसी ने नहीं सुनी। मजबूर होकर उन्होंने गृहमंत्री अनिल विज से मामले की शिकायत की। आरोप है कि दिल्ली के साउथ एक्सटेंशन पार्ट-1 निवासी प्रेम बी जगतानी व धौज के कोट निवासी धर्मबीर सरपंच ने फर्जी हस्ताक्षर कर उनकी जमीन बेच डाली। 
विज्ञापन

कागजात के मुताबिक उनकी जमीन साल 1988 में बेची गई है। बिक्री के दौरान उनके व पिता के फर्जी हस्ताक्षर किए गए हैं, जबकि उस दौरान वह जेल में बंद थे। पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें