अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 3 जनवरी, 2026 की तारीख तय की है। याचिका में आवेदक को लोधी कॉलोनी के स्पेशल सेल द्वारा दर्ज एफआईआर से जुड़े मामले में समझौता करने की इजाजत मांगी गई है। आरोपी चंद्रशेखर ने कोर्ट से शिकायतकर्ता को नोटिस जारी करने और यह रिकॉर्ड करने का आग्रह किया है कि समझौते का प्रस्ताव सही है और उसकी सहमति पर निर्भर है।
दिल्ली पुलिस ने चंद्रशेखर पर रैनबैक्सी के पूर्व प्रमोटर शिविंदर सिंह और मालविंदर सिंह की पत्नियों से कथित तौर पर 200 करोड़ रुपये की ठगी करने का मामला दर्ज किया है। देश भर में उनके खिलाफ कई अलग-अलग जांचें चल रही हैं। पुलिस ने जबरन वसूली के मामले में चंद्रशेखर और उसके साथी ए पॉलोज को गिरफ्तार किया है। वे प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत भी कार्रवाई का सामना कर रहे हैं और प्रवर्तन निदेशालय द्वारा उनकी जांच की जा रही है।
पुलिस ने इस मामले में महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गेनाइज्ड क्राइम एक्ट (मकोका) भी लगाया है। पुलिस के अनुसार, चंद्रशेखर, पॉलोज और अन्य आरोपियों ने कथित तौर पर अपराध की रकम को ठिकाने लगाने और छिपाने के लिए हवाला चैनलों और शेल कंपनियों के नेटवर्क का इस्तेमाल किया। कोर्ट को अभी सेटलमेंट एप्लीकेशन पर आदेश देना बाकी है।