इसके बाद पीड़िता को चंडीगढ़ निवासी एक व्यक्ति का नंबर मिला, जिससे तरुण अक्सर बात करता था। उससे बात करने के बाद पीड़िता चंडीगढ़ पहुंची। वहां पता चला कि आरोपी ने चंडीगढ़ की एक युवती को भी प्रेमजाल में फंसाकर धोखा दिया था। हालांकि वहां उससे शादी नहीं की थी।
दुर्गाशा ने गाजियाबाद के युवक को दिया धोखा
नर्स का आरोप है कि जब उसकी तरुण से शादी हो गई, तो दुर्गाशा ने कहा कि अब उसे भी सेटल होना है। वैवाहिक साइट पर गाजियाबाद के युवक का प्रोफाइल देखने के बाद दोनों की शादी कर दी गई। इसके कुछ दिन बाद ही दुर्गाशा युवक को धोखा देकर नोएडा आ गई।
सोशल साइट पर चलाई ‘वांटेड मुहिम’
नर्स ने अन्य के साथ मिलकर आरोपियों के कुछ फोटो एकत्रित कर एक वीडियो बनाई। इस वीडियो को पीड़िता ने यूट्यूब पर लोड किया। इसके अलावा फेसबुक-व्हाट्स एप के माध्यम से भी दोनों ठगों के बारे जानकारी दी। जिसमें पीड़िता ने कहा था कि मैं तो शिकार हो गई लेकिन कोई और शिकार न बने। इसके लिए वह मुहिम चला रही है।
मेरठ निवासी अजय त्यागी ने बताया कि निर्भया केस के कुछ दिन बाद उन्होंने दोनों आरोपियों को दिल्ली में पकड़ लिया था। लेकिन आरोपी दुर्गाशा उनका हाथ काटकर भाग गई। इससे पहले आरोपी जब मेरठ में रह रहे थे, उस दौरान पुलिस अजय त्यागी के घर पहुंची थी और उन्होंने दोनों के देहरादून से भागकर आने की जानकारी दी लेकिन आरोपी ने पुलिस को किसी तरह समझाकर वापस भेज दिया।
दहेज नहीं लेने के शपथ पत्र देकर देता था झांसा
आरोपी तरुण शर्मा समाजशास्त्र से ग्रेजुएट है। आरोपी दुर्गाशा के साथ मिलकर इमोशनल ब्लैकमेल कर लोगों को विश्वास में लेता था। दोनों खुद को अनाथ बताते थे। इसके अलावा दहेज नहीं लेने का शपथ पत्र देने का भी नाटक करता था। इसके बाद अपना रुपया शेयर करने का झांसा देकर संयुक्त खाता खुलवाता था।
कई तरह की ठगी को दिया अंजाम
पुलिस के मुताबिक तरुण ने अपने जीवन में लोगों को अलग अलग तरीकों से ठगने का प्रयास किया। आरोपी पहले पढ़ाई और सर्टिफिकेट देने के नाम पर लोगों को ठगता था। शादी करने के बाद आरोपी लड़की के परिजन को नौकरी दिलाने या फिर सस्ते प्रॉपर्टी दिलाने का झांसा देकर रुपये अपने खाते में ट्रांसफर कर लेता था।