यात्रियों को मिलेगा लाभ
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, तिलक ब्रिज से आनंद बिहार के बीच तीसरी और चौथी लाइन तैयार होने के बाद गाजियाबाद की तरफ से आने वाली ट्रेनों का नई दिल्ली रेलवे स्टेशन तक पहुंचना आसान हो जाएगा। अभी ट्रेनों को सिग्नल नहीं मिलने के कारण अक्सर आउटर पर रुकना पड़ता है। इन लाइनों के बिछने के बाद ट्रेनों को आउटर पर रुकने की जरूरत नहीं होगी। इससे यात्रियों का समय बच सकेगा।
वहीं, इससे पहले नई दिल्ली और तिलक ब्रिज के बीच सिर्फ 4 लाइनें थीं, जो कि ट्रेनों के दबाव की तुलना में कम थी। इस कारण व्यस्त समय में आउटर पर तिलक ब्रिज या शिवाजी ब्रिज पर एक के पीछे एक ट्रेनों को रोकना पड़ता था, इस समस्या को दूर करने के लिए इन दोनों रेलवे स्टेशनों के बीच पांचवीं और छठी लाइन बिछाया गया। इन दोनों स्टेशन के बीच भी 2.65 किलोमीटर तक दो अतिरिक्त लाइन को शुरू कर दिया गया है।
यमुना के 22 किलोमीटर के दायरे 25 पुल
दिल्ली में यमुना के 22 किलोमीटर के हिस्से में चालू व निर्माणाधीन मिलाकर कुल 25 पुल हैं। जिसमें मेट्रो के चार चालू व एक निर्माणाधीन, आरआरटीएस का एक निर्माणाधीन, रेलवे के दो चालू व एक निर्माणाधीन पुल है। इसके अतिरिक्त 16 सड़क मार्ग के पुल हैं।