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CJP Delhi Protest: जंतर-मंतर पर डटे सीजेपी समर्थक, बैरिकेडिंग को लेकर पुलिस से विवाद; आज प्रदर्शन का चौथा दिन

Tue, 23 Jun 2026 09:56 AM IST
Vijay Singh Pundir अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

शिक्षा व्यवस्था में सुधार, पेपर लीक की घटनाओं पर रोक लगाने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) का धरना मंगलवार को चौथे दिन भी जारी है।
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कॉकरोच जनता पार्टी का प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) का प्रदर्शन जंतर मंतर पर मंगलवार को चौथे दिन भी जारी है। प्रदर्शनकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। इस दौरान सीजेपी ने आरोप लगाया कि सोमवार रात प्रदर्शन स्थल पर बैरिकेडिंग की गई। प्रदर्शन स्थल को छोटा करने और उसे दो हिस्सों में बांटने की कोशिश की गई।

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प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी और गाने गाकर पुलिस की बैरीकेडिंग का विरोध जताया। वहीं पुलिस के मुताबिक, मंगलवार को किसान संगठन अमेरिका-भारत व्यापार समझौते के विरोध में प्रदर्शन करने वाले हैं। किसी भी प्रदर्शन से पहले सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक प्रबंध किए जाते हैं।

एसएससी-यूपीएससी अभ्यर्थियों से मांगा समर्थन 
सीजेपी ने एसएससी और यूपीएससी अभ्यर्थियों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की है। सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपके ने बताया कि छात्रों और युवाओं से जुड़े मुद्दों को उठाने के लिए अधिक लोगों का साथ जरूरी है। उन्होंने कहा की बड़ी संख्या में अभ्यर्थी आएं और अपनी बात सीजेपी के मंच पर रखें। उनके अनुसार, जब तक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देंगे, प्रदर्शनकारी जंतर मंतर से नहीं हटेंगे।

सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपके का पुलिस पर आरोप
वहीं, धरने के तीसरे दिन प्रदर्शन स्थल पर आने वाले लोगों की पहचान संबंधी जांच को लेकर सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपके और पुलिस के बीच विवाद की स्थिति देखने को मिली। दीपके ने आरोप लगाया कि धरना स्थल पर आने वाले लोगों से आधार कार्ड और पैन कार्ड मांगे जा रहे हैं, जबकि वे केवल प्रदर्शन में शामिल होने, भोजन या पानी पहुंचाने जैसे कार्यों के लिए वहां पहुंच रहे हैं।

दीपके ने कहा कि यह लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा मामला है और लोगों को अनावश्यक रूप से परेशान नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि प्रदर्शनकारियों की निजी जानकारी क्यों एकत्र की जा रही है। उनके अनुसार, आधार कार्ड के माध्यम से किसी व्यक्ति की व्यक्तिगत जानकारी तक पहुंच संभव है, इसलिए यह निजता से जुड़ा संवेदनशील विषय है। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में इन आरोपों को निराधार बताते हुए खारिज कर दिया।

प्रदर्शनकारी बोले-  सरकार जब तक मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाती आंदोलन जारी रहेगा
भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के चढूनी गुट ने आंदोलन को समर्थन देने की घोषणा की है। संगठन ने छात्रों के समर्थन में प्रदर्शन में शामिल होने और अपनी मांगें भी रखने का निर्णय लिया है। इससे पहले अभिजीत दीपके ने देशभर के किसानों और मजदूरों से जंतर-मंतर पहुंचकर छात्रों के आंदोलन का समर्थन करने की अपील की थी। किसानों के समर्थन का स्वागत करते हुए दीपके ने कहा कि छात्र और किसान दोनों ही देश के भविष्य और विकास से जुड़े महत्वपूर्ण वर्ग हैं। उन्होंने आंदोलन के साथ खड़े होने के लिए बीकेयू (चढूनी) का आभार जताया। प्रदर्शनकारियों ने भी किसानों के इस निर्णय की सराहना करते हुए कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाती, आंदोलन जारी रहेगा।

स्वयंसेवकों ने संभाली व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी
धरना स्थल पर प्रदर्शनकारियों के लिए चाय, समोसे और पानी की व्यवस्था की गई है। कई स्वयंसेवक सुबह से देर रात तक व्यवस्थाएं संभाल रहे हैं। सीजेपी प्रवक्ता सौरभ दास ने कहा कि ऐसे कार्यकर्ता आंदोलन की रीढ़ हैं, जो बिना किसी प्रचार-प्रसार के सेवा कार्यों में जुटे हुए हैं। वहीं, अभिजीत दीपके ने कहा कि किसी भी जन आंदोलन की वास्तविक ताकत वे लोग होते हैं जो पर्दे के पीछे रहकर व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखते हैं।
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सीजेपी ने आत्महत्या करने वाले नीट अभ्यर्थियों को दी श्रद्धांजलि
नीट की तैयारी के दौरान आत्महत्या करने वाले अभ्यर्थियों को सोमवार को जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी ने श्रद्धांजलि दी। छात्रों, अभिभावकों और अन्य लोगों ने कैंडल जलाकर व मौन रखकर उन्हें याद किया। सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपक ने परीक्षा के बढ़ते दबाव और पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। वक्ताओं ने कहा कि छात्रों को केवल अंकों से नहीं, उनकी मानसिक स्थिति के आधार पर भी समझने की जरूरत है। सरकार से हेल्पलाइन, मनोवैज्ञानिक सहायता और नियमित काउंसलिंग शुरू करने की मांग की गई।
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