विकास का दोस्त अश्विनी कक्षा आठ में साथ पढ़ा था। 60/40 का करार हुआ। सोना बेचने के बाद 60 फीसदी तीनों में बंटना था। जबकि 40 फीसदी सोना बेचने वाले को रखना था। चूंकि अश्वनी सुनार था। लिहाजा वह तैयार हो गया। लूट के बाद हुआ भी ऐसे ही। 30 लाख रुपये तीनों बदमाशों में बंटे। जबकि अश्विनी ने 400 ग्राम सोना रख लिया था।
बीमा कंपनी और दिव्या क्रिएशन करेंगे दावा
एसएसपी ने बताया कि दिव्या क्रिएशन कंपनी के दो कर्मचारियों से लूटे सोने का बीमा था। अब कंपनी मालिक और बीमा कंपनी के बीच का करार है कि सोने और रकम के लिए अदालत में कौन क्लेम करेगा। बरामद माल का दिव्या क्रिएशन कंपनी के सुमित गुप्ता अदालत के समक्ष दावा कर सकते हैं। उसके बाद उन्हें पैसा और सोना मिल जाएगा।