सरकार ने इस साल किसान से गेहूं खरीद के लिए समर्थन मूल्य 1500 से बढ़ाकर 1625 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। बाजार में नया गेहूं आने में अभी एक माह का समय शेष है। इधर पुराने गेहूं की कीमतों में लगातार बढोतरी हो रही है।
पिछले माह 2000 रुपये प्रति क्विंटल बिकने वाला गेहूं अब 2200 रुपये तक पहुंच गया है। गेहूं की कीमत बढ़ने से आटा भी महंगा हुआ है। आटा इस समय 26 रुपये से लेकर 30 रुपये प्रति किलो तक बिक रहा है।
व्यापारियों का मानना है कि नई फसल आने तक भाव में कमी नहीं आएगी। मंडी में पुराना गेहूं ही बिक रहा है। इसकी कीमत बढ़ जाने से गेहूं का कारोबार भी कम हो गया है। वहीं महंगाई बढ़ने से रसोई का बजट बिगड़ रहा है।