गुड़गांव के धनवापुर स्थित कबाड़ के गोदाम में मंगलवार को भीषण आग लग गई। भीषण आग पर काबू नहीं पाए जाने पर तीनों फायर स्टेशनों के अलावा डीएलएफ से दमकल की गाड़ियों को बुलाया गया। दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जाता है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार गोदाम के ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन लाइन में मंगलवार को शॉर्ट सर्किट हुआ था। शॉर्ट सर्किट की वजह से गोदाम से सटे खाली प्लॉट पर पड़ी सूखी लकड़ियों में आग लग गई। देखते ही देखते आग कबाड़ के गोदाम में पहुंच गई।
दोपहर करीब डेढ़ बजे आसपास के लोगों ने आग देखी तो तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचित किया गया। जिसके बाद फायर ब्रिगेड की चार गाड़ियां मौके पर पहुंची। लेकिन आग इतनी भीषण थी कि फायर ब्रिगेड के कर्मचारी आग पर काबू नहीं पा सके।
आग के भीषण रुप को देखते हुए सेक्टर-29, सेक्टर-37, भीमनगर समेत डीएलएफ से भी अतिरिक्त फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को मौके पर बुलाया गया। करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद जेसीबी की मदद से कबाड़ को हटाकर आग पर काबू पाया जा सका।
फायर अधिकारी आईएस कश्यप के अनुसार आग से किसी जान-माल का कोई नुकसान नहीं हुआ है। गाड़ियों को अभी भी मौके से नहीं हटाया गया जिसमें कबाड़ के सामान को जेसीबी के सहारे उठाकर जांचा जा रहा है।
अरावली के जंगलों में सात घंटे तक धधकी आग
गुड़गांव
के अरावली क्षेत्र में मंगलवार को अचानक आग लग गई। आसपास के कई गांवों में
आग फैलने की सूचना मिलते ही ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। इसके बाद लोग
घरों को छोड़कर बाहर आ गए।
फायर ब्रिगेड ने करीब सात घंटे की कड़ी
मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग में तीन बच्चों समेत कई जानवरों के
चपेट में आने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, अभी इसकी पुष्टि नहीं हो
पाई है। आग के कारणों का भी पता नहीं चल पाया है।
मंगलवार दोपहर को
टीकली गांव के मंदिर और गौशाला के ऊपर जंगल में लोगों ने आग की लपटें
निकलती देखी। जब तक ग्रामीण पहुंचते आग ने विकराल रूप ले लिया और सात-आठ
किलोमीटर में फैल गई। वहीं आसपास के टिकली गांव, अकलीमपुर, भोंडसी-अलीपुर,
घामड़ौज समेत कई गांवों में आग फैलने का खतरा बढ़ गया।
खतरे को
भांपते हुए ग्रामीण अपना घर छोड़ बाहर निकल आए। दोपहर करीब डेढ़ बजे सूचना
देने के बाद फायर ब्रिगेड की चार गाड़ियां मौके पर पहुंची। लेकिन पहाड़ पर
आग लगे होने के कारण फायर ब्रिगेड की गाड़ियां वहां नहीं पहुंच सकी।
ऐसे
में फायर ब्रिगेड कर्मियो ने लकड़ियों की टहनियों और दूसरे साधनों से आग
को बुझाने का प्रयास किया। ग्रामीणों की मदद से करीब सात घंटे की कड़ी
मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। ग्रामीणों के मुताबिक आसपास के गांवों
के तीन बच्चे जानवरों को पहाड़ों पर चराने के लिए गए थे, जिनकी कोई खबर
नहीं मिल रही है।
साथ ही कई जानवरों के भी आग की चपेट में आने की
आशंका है। देर शाम आग बुझने के बाद भी आसपास के गांवों में गहमागहमी का
माहौल बना हुआ है।
हालांकि, फायर ब्रिगेड अधिकारी आईएस कश्यप के
अनुसार आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है। साथ ही एहतियात के तौर पर
ग्रामीणों से अपील की गई है कि जरा सी भी आग की आशंका होने पर तुरंत सूचित
किया जाए।