हादसा सुबह करीब आठ बजे उस वक्त हुआ, जब सभी लोग रोजे की सहरी के बाद सो रहे थे। धुआं भरने से मकान में सो रहे लोगों का दम घुटने लगा। आस पास के लोगों ने आनन फानन में मकान से बेहोशी की हालत में सात व झुलसी अवस्था में चार को जग प्रवेश चंद अस्पताल में भर्ती कराया। डाक्टरों ने मौके पर बच्चे समेत छह लोगों मृत घोषित कर दिया। मृतकों में एक दंपति भी शामिल हैं। बच्चे को छोड़कर बाकी सभी मृतक किराएदार थे। शास्त्री पार्क थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच कर रही है।
मृतकों की पहचान शिनाख्त ढाई साल के हमजा, मोहम्मद जैदुन (47), दानिश (26), महिला नसीम (28), फजलू (50), दीपालु (36) के रूप में हुई है। वहीं घायल की पहचान अजमत (38), उसकी बेटी सोनी (15), जाइरूल (50), रहमान (40), ताजुद्दीन (38) के रूप में हुई है। हादसा सुबह करीब आठ बजे हुआ। रोजेदार सहरी के बाद अपने-अपने कमरे में सो रहे थे।
अकबर अपने चार भाइयों के साथ डी 54 शास्त्री पार्क में 100 गज के मकान में रहता है। वह अपने एक भाई अन्ना और अपने परिवार के साथ भूतल पर रहता है। जबकि पहली मंजिल पर उसका भाई अजमत का परिवार और दो किराएदार रहते हैं। वहीं दूसरी मंजिल पर उसका दूसरा भाई असगर अपने परिवार और चार कमरों में किराएदार रहते हैं। तीसरी मंजिल पर असगर की जींस फैक्टरी है और चार कमरों में किरायेदार रहते हैं। उसका भाई अन्ना एक आपराधिक मामले में जेल में बंद है।
अकबर ने बताया कि रमजान का महीना चल रहा है। शुक्रवार तड़के सभी के परिवार वाले व किरायेदार सेहरी करके अपने-अपने कमरों में सो गए थे। अन्ना की पत्नी शुमाइला अपने डेढ़ वर्ष के बेटे के साथ अपने कमरे में सो रही थी। सुबह करीब छह बजे वह अपने कमरे में मच्छर भगाने वाला क्वाइल जलाकर बिस्तर के पास रख ली और सो गई। कमरे में रोशनदान नहीं होने से करीब आठ बजे धुएं से उसका दम घुटने लगा। उसकी नींद खुली तो देखा गद्दे में आग लगी हुई है। उसने तुरंत शोर मचाकर इस बात की जानकारी पड़ोस के कमरे में रहने वाले अपने जेठ अकबर को दी।
शुमाइला अपने बच्चे को लेकर कमरे से बाहर निकल गई। वहीं अकबर ने भी अपने बच्चों को बाहर निकाल दिया। उसने आग बुझाने की कोशिश में कमरे में पानी फेंका लेकिन तब तक आग भड़क चुकी थी। धुआं सीढ़ियों के जरिये ऊपरी मंजिल पर फैल गया। ऊपरी मंजिल पर सो रहे लोगों का दम घुटने लगा। धीरे धीरे आग की लपटें भी पहली मंजिल तक पहुंच गया। कुछ लोग धुआं देखकर गिरते पड़ते बाहर निकल गए। जबकि शोर शराबा होने पर घर के आस पास लोग वहां पहुंचकर लोगों को बेहोशी के हालत में बाहर निकालने लगे। इस दौरान जो सो रहे थे, उनकी दम घुटने से मौत हो गई। वहीं लोगों के बचाने में अजमत भी झुलस गया। घटना की जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और दमकल कर्मियों ने मकान में फंसे लोगों को बाहर निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया। बाद में मौके पर पहुंची फोरेंसिक टीम ने जांच पड़ताल कर सबूत इक्कठा किए।
पुलिस को शुक्रवार सुबह नौ बजे हादसे की सूचना मिली थी, सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची व अचेत हालत में लोगों को अस्पताल में भर्ती करवाया। छह लोगों को मृत घोषित कर दिया। सीएफएसएल की टीम ने घर से नमूने बरामद किए हैं। शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए हैं। दम घुटने को मौत का कारण माना जा रहा है। -जॉय टिर्की, जिला पुलिस उपायुक्त, उत्तर पूर्वी जिला