जलभराव के कारण 24 से ज्यादा गांवों के लोगों को करना पड़ता है परेशानी का सामना
संवाद न्यूज एजेंसी
बल्लभगढ़। पलवल और बल्लभगढ़ के बीच बेहतर आवागमन के लिए गांव असावटी में अंडरपास बनाया गया था। लेकिन जलभराव के कारण अब यह अंडरपास परेशानियों का कारण बन चुका है। अंडरपास जमीन से करीब 30 फीट नीचे बनाया गया गया है। वहीं जलस्तर 20 फीट पर है। इसी वजह से अंडरपास में पानी भर जाता है। इसके अलावा अंडरपास के दोनों और खेत बने हुए हैं जिनका पानी भी अंडरपास में आता है।
अंडरपास में अभी भी करीब दो फीट तक पानी भरा हुआ है। जिस वजह से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यह अंडरपास 24 से ज्यादा गांवों को जोड़ता है। असावटी के लोगों ने बताया कि साल 2020 में रेलवे की ओर से अंडरपास बनाया गया था। अंडरपास से पलवल जिले के लोग आसानी से बल्लभगढ़ आ सकते थे। अब लोगों को जलभराव की समस्या से जूझना पड़ रहा है।
प्याला फाटक पर बन रहा है फ्लाईओवर
प्याला फाटक पर फ्लाईओवर का निर्माण चल रहा है। इसी वजह से कई गांवों के लोग अंडरपास का इस्तेमाल करते हैं। पहले लोग फाटक को क्रॉस करके आ जाते थे लेकिन अब अंडरपास से आना उनकी मजबूरी है। वहीं कई बार पानी का स्तर ज्यादा होने पर लोगों को असावटी से डींग या फिर यूं कहे पलवल से बल्लभगढ़ आने के लिए करीब 12 किलोमीटर का लंबा चक्कर लगाकर सीकरी के रास्ते आना पड़ता है। दूसरी तरफ अंडरपास में लाइट की व्यवस्था नहीं है जिसके कारण रात में लोगों को अंधेरे के कारण डर लगा रहता है। इसके कारण हादसे की आशंका भी रहती है।
ठंड में पानी से गुजरते हैं लोग
शहर में भीषण ठंड पड़ रही है। जिसके कारण लोगों का जीवन प्रभावित हो रहा है। ऐसी ठंड में भी लोग अंडरपास में भरे पानी के बीच से गुजरने को मजबूर हैं। लोगों का कहना है कि पानी से नहीं गुजरेंगे तो लगभग 12 किमी लंबा चक्कर लगाना पड़ेगा। ऐसी भीषण ठंड में पानी से गुरने पर लोगों को बीमार होने का डर सताता रहता है।
इस बारे में उनको कोई जानकारी नहीं थी, अब जल्द ही इस समस्या को लेकर डीआरएम से बात की जाएगी। - रघुवीर तेवतिया, विधायक, पृथला विधानसभा
इस समस्या को लेकर कई बार डीआरएम को अवगत करवाया जा चुका है लेकिन स्थायी समाधान नहीं किया गया है। - धर्मपाल , पूर्व सरपंच गांव असावटी