रिटायर्ड कर्मचारी संघ फरीदाबाद ने किया बैठक का आयोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। रिटायर्ड कर्मचारी संघ फरीदाबाद की बैठक नगर निगम फरीदाबाद के यूनियन कार्यालय में प्रधान नवल सिंह की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक का संचालन जिला सचिव लज्जाराम ने किया। बैठक में केंद्र सरकार द्वारा पारित वित्त विधेयक 2025 के विरोध में 17 दिसंबर को उपायुक्त कार्यालय फरीदाबाद पर धरना-प्रदर्शन करने तथा राज्यपाल हरियाणा के नाम उपायुक्त को ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए राज्य उप प्रधान यूएम खान ने कहा कि केंद्र सरकार आठवें वेतन आयोग में पेंशन पुनरीक्षण के निर्धारण से बच रही है। उन्होंने बताया कि पेंशन पुनरीक्षण किए बिना गैर अंशदायी पेंशन पर होने वाले खर्च का आकलन करने की बात की जा रही है, जो सुप्रीम कोर्ट के पूर्व निर्णयों के विपरीत है। कोर्ट के अनुसार पेंशन सेवानिवृत्त कर्मचारियों का अधिकार है, जिसे रोका नहीं जा सकता।
जिला सचिव लज्जाराम ने कहा कि राजनीतिक नेता अपने वेतन, भत्ते और सुविधाएं कई गुना बढ़ा लेते हैं और एक बार विधायक या सांसद बनने के बाद आजीवन पेंशन के हकदार बन जाते हैं, जबकि रिटायर्ड कर्मचारियों की जायज मांगों की अनदेखी की जा रही है।
जिला प्रधान नवल सिंह ने बताया कि अखिल भारतीय राज्य कर्मचारी पेंशनर महासंघ का द्वितीय राष्ट्रीय सम्मेलन 22 से 23 फरवरी 2026 को हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले में आयोजित किया जाएगा, जिसमें नई राष्ट्रीय कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा। उन्होंने सरकार से मांग की कि रिटायर्ड कर्मचारियों की लंबित मांगें शीघ्र लागू की जाएं, जिनमें 65 वर्ष की आयु पर पेंशन में 10 प्रतिशत और 75 वर्ष पर 20 प्रतिशत वृद्धि, कम्यूटेशन कटौती की अवधि 15 वर्ष की बजाय 12 वर्ष करना, कैशलेस मेडिकल सुविधा, 3000 रुपये प्रति माह मेडिकल भत्ता, फैमिली पेंशनरों को एलटीसी सुविधा तथा वरिष्ठ नागरिकों को हवाई और रेल यात्रा में छूट शामिल हैं।