दोनों दोस्त थे और कृष्णा कॉलोनी में ही रहते थे। सौरभ स्थानीय जिम में सफाई का काम करता था, जबकि जितेश सरकारी स्कूल में पढ़ाई कर रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दोनों युवक रेलवे ट्रैक के पास टहलते समय मोबाइल फोन पर वीडियो देख रहे थे और उन्होंने कान में इयरफोन लगा रखा था। इसी दौरान वहां से गुजर रही ट्रेन को देखकर आसपास के लोगों ने शोर मचाकर उन्हें सतर्क करने का प्रयास किया। ट्रेन के लोको पायलट ने भी लगातार हॉर्न बजाया लेकिन इयरफोन में व्यस्त होने के कारण दोनों को कोई आवाज सुनाई नहीं दी। इंजन की टक्कर से दोनों युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही जीआरपी और स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शवों को कब्जे में लिया। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए बीके अस्पताल के शवगृह में रखवाकर जांच शुरू कर दी है। ब्यूरो