22 करोड़ की लागत से छह माइक्रो सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किए जाएंगे
प्रत्येक प्लांट की क्षमता 500 किलोलीटर प्रतिदिन होगी
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। शहर की हरियाली को टिकाऊ बनाने और पेयजल पर दबाव कम करने की दिशा में कदम उठाते हुए फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण (एफएमडीए) ने माइक्रो एसटीपी परियोजना की डीपीआर को मंजूरी दे दी है। 22 करोड़ रुपये की इस योजना के तहत अब शहर के पार्कों के साथ-साथ ग्रीन बेल्ट क्षेत्रों में भी शोधित सीवरेज जल का उपयोग किया जाएगा।
मास्टर सीवरेज स्कीम के अंतर्गत सेक्टर 9, 10, 14, 15, 15ए, 16, 17, 18, 19, 29, 30, 31, 32, 34, 35 और 37 में छह माइक्रो सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किए जाएंगे। प्रत्येक प्लांट की क्षमता 500 किलोलीटर प्रतिदिन होगी। इन संयंत्रों में सीवरेज के पानी को शोधित कर उसे पार्कों और सड़कों की ग्रीन बेल्ट की सिंचाई में इस्तेमाल किया जाएगा।
शहर में गर्मियों के दौरान टैंकरों के जरिए पानी पहुंचाने पर लाखों रुपये खर्च होते हैं और कई बार पर्याप्त आपूर्ति भी नहीं हो पाती। योजना लागू होने के बाद हरियाली को बनाए रखने के लिए टैंकरों पर निर्भरता घटेगी। साथ ही भूजल दोहन और पेयजल के उपयोग में भी कमी आएगी।
परियोजना को ईपीसी मोड पर 12 महीनों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। अधिकारियों के अनुसार डीपीआर स्वीकृत होने के बाद शेष औपचारिकताएं तेजी से पूरी की जा रही हैं ताकि निर्धारित समय सीमा में कार्य शुरू किया जा सके। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि योजना तय समय में पूरी होती है तो यह शहर के लिए दीर्घकालिक समाधान साबित हो सकती है।
प्राधिकरण की तरफ से लोगों की सुविधा के लिए तेजी से काम किया जा रहा है। जल्द इस परियोजना पर भी काम शुरू कर दिया जाएगा।
- समुद्र सिंह, कार्यकारी अभियंता, एफएमडीए