खुले में झूले लगाए जाएंगे ताकि भीड़ प्रबंधन बेहतर तरीके से किया जा सके
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड हस्तशिल्प मेले की तैयारियां अब अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। मेले को लेकर जिला प्रशासन और आयोजन से जुड़ी एजेंसियां तेजी से व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटी हैं। मेले में मनोरंजन और फूड जोन को लेकर टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। इस बार मेले में आने वाले लोगों को बेहतर सुविधाएं और अधिक मनोरंजन उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
नोडल अधिकारी हरविंद्र यादव का कहना है कि फूड जोन के लिए करीब दो करोड़ रुपये और मनोरंजन के लिए लगभग सवा करोड़ रुपये का टेंडर आवंटित किया गया है। इस वर्ष मनोरंजन के लिए लगने वाले झूलों व अन्य का एरिया पहले के मुकाबले बढ़ाया जाएगा, ताकि लोगों को मेला परिसर में आवागमन के दौरान किसी प्रकार की परेशानी न हो।
मनोरंजन क्षेत्र में झूलों को खुले में लगाया जाएगा, जिससे भीड़ प्रबंधन बेहतर तरीके से किया जा सके। बच्चों के साथ-साथ युवाओं और बुजुर्गों के लिए भी मनोरंजन के पर्याप्त साधन उपलब्ध रहेंगे। इसके साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। मेला परिसर के प्रवेश और निकास मार्गों पर निगरानी बढ़ाई जाएगी और सुरक्षा बलों की तैनाती की जाएगी, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था से बचा जा सके।
हर शाम प्रसिद्ध गायकों और बैंड की प्रस्तुतियां होंगी
सांस्कृतिक कार्यक्रमों को लेकर भी तैयारियां जोरों पर हैं। मेले के दौरान हर शाम प्रसिद्ध गायकों और बैंड की प्रस्तुतियां होंगी। इन सांस्कृतिक कार्यक्रमों को लेकर जल्द ही एक विस्तृत कैलेंडर जारी किया जाएगा, ताकि दर्शक पहले से अपनी योजना बना सकें। फूड जोन इस बार खास आकर्षण का केंद्र रहेगा। उत्तर प्रदेश और मेघालय थीम के तहत पारंपरिक और प्रसिद्ध व्यंजनों का स्वाद लोग ले सकेंगे। इसके अलावा देश के विभिन्न राज्यों के पकवान भी उपलब्ध होंगे। आयोजकों का कहना है कि इस बार सूरजकुंड मेला कला, संस्कृति, स्वाद और मनोरंजन का यादगार अनुभव साबित होगा।