फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सूरजकुंड दिवाली मेले को मिलेगा और भव्य स्वरूप : मनोहर लाल

विज्ञापन
विज्ञापन
लोगों की भागीदारी बढ़ाने के लिए लाइट एंड साउंड शो, खेल गतिविधियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का किया जाएगा विस्तार
विज्ञापन



अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। सूरजकुंड दिवाली मेले को भविष्य में और भव्य स्वरूप दिया जाएगा। मेले में लोगों की भागीदारी बढ़ाने के लिए लाइट एंड साउंड शो, खेल गतिविधियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का विस्तार किया जाएगा। इससे फरीदाबाद के साथ दिल्ली-एनसीआर के लोगों को भी आकर्षित किया जा सकेगा। केंद्रीय विद्युत, आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने सोमवार को सूरजकुंड मेला परिसर में आयोजित तीसरे दिवाली मेले के समापन समारोह में यह बात कही। उन्होंने बताया कि एक सप्ताह में करीब 50 हजार लोगों का मेले में पहुंचना उत्साहजनक है।
मनोहर लाल ने कहा कि सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेले के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है। ऐसे में परिसर का उपयोग केवल कुछ दिनों तक सीमित नहीं रहना चाहिए। दिवाली मेले की शुरुआत इसी उद्देश्य से की गई है, ताकि सालभर सांस्कृतिक गतिविधियों और जनभागीदारी को बढ़ावा दिया जा सके। हस्तशिल्प, स्थानीय उत्पादों और पारंपरिक कलाओं को प्रोत्साहन देने से कारीगरों और छोटे कारोबारियों को नए अवसर मिलेंगे।
विज्ञापन

पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि सूरजकुंड दिवाली मेला वोकल फॉर लोकल, आत्मनिर्भर भारत और विकसित भारत-2047 के संकल्प को मजबूत कर रहा है। मेले में 300 से अधिक स्टॉल लगाए गए, जहां देशभर के हस्तशिल्प, पारंपरिक उत्पादों और सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली। जनवरी-फरवरी में आयोजित होने वाले पारंपरिक शिल्प मेले में भी देशभर के कलाकारों और शिल्पकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। समारोह में पुलिस आयुक्त सत्येंद्र कुमार गुप्ता, नगर निगम आयुक्त यशेंद्र सिंह, एमडी टूरिज्म पार्थ गुप्ता, उपायुक्त आयुष सिन्हा, पूर्व विधायक नरेंद्र गुप्ता, पूर्व शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा और अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
विज्ञापन



दिल्ली रैली को मंजूरी नहीं मिलनी चाहिए : मनोहर लाल
केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल ने पत्रकारों से बातचीत में कांग्रेस के नेतृत्व में विपक्ष की एक नवंबर को दिल्ली में होने वाली रैली को गलत करार दिया है। उन्हाेंने कहा कि इस रैली को मंजूरी नहीं दी जानी चाहिए, क्योंकि इससे कारोबारियों को भारी नुकसान हो सकता है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बयान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस पर कांग्रेस को खेद प्रकट करना चाहिए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें