मध्य प्रदेश के ग्वालियर से धरे गए आरोपी, टेलीग्राम ठगी में सप्लाई करते थे खाते
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। साइबर थाना सेंट्रल टीम ने पार्ट-टाइम नौकरी और घर बैठे कमाई के नाम पर हुई 9.34 लाख रुपये की ठगी में बैंक खातों की छह लेयर की चेन का खुलासा किया है। पुलिस ने मध्य प्रदेश के ग्वालियर से छह शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
पीड़ित के अनुसार, व्हॉट्सएप पर आए लिंक के जरिए उसे टेलीग्राम ग्रुप में जोड़कर गूगल मैप्स पर रेटिंग देने का काम दिया गया था। साइबर ठगों ने अधिक लाभ का झांसा देकर जून और जुलाई 2025 के दौरान उससे कुल 9,34,000 रुपये अलग-अलग किस्तों में जमा करवा लिए थे। रकम वापस न मिलने पर पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना सेंट्रल में मामला दर्ज किया गया था। पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि जांच के दौरान फर्जी बैंक खातों की छह लेयर की चेन का खुलासा हुआ, जिसके बाद आरोपी पृथ्वी (24), ओम सोनी (25), अंशुमन सैनी (21), कृष्णा पाण्डेय (22), विनय सिंह (20) और आशु (20) सभी निवासी ग्वालियर, मध्य प्रदेश को गिरफ्तार किया गया। आरोपी पृथ्वी मूल खाताधारक है, जिसने अपना बैंक खाता ओम सोनी को दिया। इसके बाद ओम सोनी ने यह खाता अंशुमन सैनी को दिया, अंशुमन ने कृष्णा पाण्डेय को, कृष्णा पाण्डेय ने विनय सिंह को और विनय सिंह ने आशु को उपलब्ध कराया। आखिर में आशु ने इस खाते को मुख्य साइबर ठगों तक पहुंचाया। पृथ्वी के खाते में ठगी की पहली लेयर के रूप में 50 हजार रुपये आए थे, जिन्हें आगे ट्रांसफर किया गया। पकड़े गए सभी आरोपी 12वीं पास हैं और ग्रेजुएशन की पढ़ाई कर रहे हैं।
साइबर थाना सेंट्रल पुलिस ने बैंकिंग ट्रेल और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए फर्जी खातों की इस पूरी चेन को बेनकाब किया। आरोपियों के पास से जब्त किए गए तीन मोबाइल फोन की फॉरेंसिक जांच की जा रही है, जिससे गिरोह के मुख्य सरगनाओं, अन्य बैंक खातों और ठगी के पैसों के नेटवर्क का सुराग मिलने की उम्मीद है।