फरीदाबाद। नगर निगम ने अवैध निर्माण करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की तैयारी की है। मंगलवार को एसआईटी टीम ने 25 अवैध निर्माण का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान टीम ने अवैध निर्माण की जांच की। टीम ने देखा कि निर्माण के दौरान कौन-कौन से नियमों की अनदेखी की गई। एसआईटी टीम ने बुधवार को भवन मालिकों को अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया है। सुनवाई के दौरान भवन मालिकों को दस्तावेज पेश करने होंगे। कोई दस्तावेज पेश नहीं कर पाता है तो रिपोर्ट प्रदेश सरकार को भेजी जाएगी, जिसके बाद भवन मालिकों पर कार्रवाई होगी। साथ ही अवैध निर्माण बनाने की अनुमति देने वाले अधिकारियों पर भी गाज गिर सकती है।
प्रदेश सरकार ने हाल की अवैध निर्माण पर रोक लगाने के लिए एसआईटी का गठन किया है, जिसमें संयुक्त आयुक्त, आयुक्त और शहरी स्थानीय निकाय के निदेशक शामिल हैं। एसआईटी को 25 अवैध निर्माण के बारे में रिपोर्ट देेने का आदेश दिया गया था।
प्रदेश सरकार का आदेश जारी होते ही एसआईटी ने अपना काम करना शुरू कर दिया था। मंगलवार को संयुक्त आयुक्त प्रशांत अटकान ने अलग-अलग जगहों पर अवैध निर्माण का निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद उन्होंने भवन मालिकों को अपना पक्ष रखने के लिए बुधवार को मुख्यालय बुलाया। एसआईटी को रिपोर्ट जमा करने के लिए 30 दिन का समय दिया गया है।
नगर निगम के संयुक्त आयुक्त प्रशांत अटकान का कहना है कि एसटीआई ने अवैध निर्माण की जांच की है। जांच में पाई गई खामियों की रिपोर्ट बनाने से पहले भवन मालिकों का पक्ष सुना जाएगा। वहीं उनसे दस्तावेज पेश करने के लिए भी कहा गया है।