फरीदाबाद। जिला उपाुयक्त यशपाल ने रविवार को बीके अस्पताल में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ कोरोना महामारी को लेकर एक समीक्षा बैठक की और दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आरटी-पीसीआर टेस्टिंग और लैब की क्षमता बढ़ाई जाए। रैपिड एंटीजन टेस्ट की पूरी योजना बनाएं और उसके आंकड़ों को समय रहते ऑनलाइन अपलोड करें। उन्होंने कहा कि जिले में प्रतिदिन कम से कम 8-10 हजार लोगों की जांच सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान स्वास्थ्य विभाग के प्रत्येक अधिकारी कर्मचारी की जिम्मेदारी कई गुना बढ़ गई है। प्रत्येक पीड़ित व्यक्ति स्वास्थ्य कर्मी की तरफ उम्मीद भरी नजरों से देखता है और हमें भी उन्हें हर संभव स्वास्थ्य सुविधा देकर अपना फर्ज निभाना है। निजी लैबों द्वारा सरकारी आदेशों की अनुपालना न किए जाने पर आवश्यक एवं सख्त दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाए। डॉक्टरों को निर्देश दिए कि उनकी टीम सभी इंसीडेंट कमांडरों को सुबह 10 बजे से पहले उनके क्षेत्र में पाए नए कोरोना मरीजों की सूची साझा करेगी और इस संबंध में कोई ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इंसिडेंट कमांडर इन मरीजों की कांटेक्ट ट्रेसिंग बूथ लेवल कमेटी से करवाना सुनिश्चित करेंगे।
निर्देश दिए कि पीएचसी/सीएचसी को कौन से डीसीएच/डीसीएचसी अस्पताल के साथ अटैच किया गया है, इन सभी की सूची भी इंसिडेंट कमांडर के साथ साझा की जाए। स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी कोरोना बीमारी के चलते बहुत महत्वपूर्ण है। ऐसे में हमें सभी विभागों के साथ तालमेल कर अपने कार्य को बेहतर करना है। सीएमओ रणदीप पुनिया ने आश्वस्त किया कि सभी निर्देशों का पालन किया जाएगा।