संवाद न्यूज एजेंसी
बल्लभगढ़। रोडवेज कर्मचारी संयुक्त मोर्चा ने बृहस्पतिवार को चालक-परिचालकों के वेतन बढ़ाने की मांग को लेकर 2 घंटे डिपो में विरोध-प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। प्रदर्शन के दौरान उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि अगर समय रहते सरकार ने उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो वह बड़ा आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेंगे।
महासंघ के प्रधान सोनू नागर ने बताया कि 23 जून को उनकी परिवहन मंत्री के साथ हुई बैठक के दौरान जिन मांगों पर सहमति बनी थी, उन्हें आज तक न तो लागू किया गया है और न ही उन्हें लेकर कोई नोटिफिकेशन जारी किया गया है। इसी के कारण उन्होंने सरकार के खिलाफ रोष और आक्रोश प्रकट करते हुए दो घंटे का विरोध प्रदर्शन किया। सांझा मोर्चा के प्रधान जयवीर राठी ने बताया कि उनकी मांग जोखिम भत्ता देना, कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना, चालक और परिचालकों का पे ग्रेड बढ़ाना, बसों का निजीकरण रोकना और किलोमीटर स्कीम को बंद कराना शामिल है। इसको लेकर परिवहन मंत्री और परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक भी हो चुकी है। जिसमें कुछ मांगों को सरकार ने मान लिया था। जिसमें परिचालकों को 35400 वेतनमान दिए जाने, 1992 से 2002 के रोडवेज के सभी कर्मचारियों को तिथि से पक्का करने, चालकों को हैवी पे ग्रेड देने, 2016 के चालकों को पक्का करने, जोखिम भत्ता देने, बकाया बोनस का भुगतान करने, चालक की पदोन्नति करने वाले मुद्दों पर अभी तक सरकार द्वारा कोई भी पत्र जारी करके इन मांगों को लागू नहीं किया गया है। अगर जल्द ही सरकार द्वारा कोई निर्णय नहीं लिया गया तो बड़ा आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेंगे। इस मौके पर उपप्रधान साहिद खान, सांझा मोर्चा के उप प्रधान रविंद्र नागर, संगठन सचिव अनिल, सहसचिव राजवीर जायसवाल, संगठन सचिव पवन यादव आदि मौजूद रहे।