बल्लभगढ़। निजीकरण का विरोध करते हुए मंगलवार को रोडवेज यूनियन के सदस्य धरने पर बैठ गए। कर्मचारियों ने सुबह दस बजे से लेकर शाम पांच बजे तक सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
हरियाणा रोडवेज कर्मचारी तालमेल कमेटी के आह्वान पर डिपो परिसर में धरना प्रदर्शन किया गया। रोडवेज के प्रदेश स्तरीय नेता रामआसरे यादव और गंगाराम सौरोत ने कहा कि सरकार कर्मचारियों के साथ वादाखिलाफी कर रही है। परिवहन मंत्री के साथ दो बार अपनी मांगों को लेकर बातचीत हुई थी, लेकिन मांगों और समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। इसी के विरोध में 7 से 25 अगस्त तक सभी डिपो पर धरने दिए जा रहे हैं। कर्मचारियों की मांग है कि सरकार निजी स्कीम को बंद किया जाए। रोडवेज बेड़े में प्रदेश की जनसंख्या के अनुसार कम से कम 14000 बसें बढ़ाई जाए, संविदा कर्मचारियों को नियमित किया जाए, परिचालक ग्रेड पे, वर्दी व जूते दिए जाए, रुकी हुई पदोन्नति दी जाए, रोडवेज में खाली पड़े पद भरे जाएं। इस दौरान धरने की अध्यक्षता हरियाणा रोडवेज वर्कर यूनियन संबंधित सर्व कर्मचारी संघ के डिपो प्रधान रविंद्र नागर, अजब सिंह पोसवाल व अमीचंद ने संयुक्त रूप से की। धरने का संचालन डिपो सचिव शाहिद अहमद ने किया। जगदीप लाठर, सुधीर अहलावत, जितेंद्र धनखड़, प्रदीप, शहजाद खान, वीरेंद्र, प्रवीण आदि मौजूद रहे।