संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। बीके अस्पताल में दो दिन से ज्यादा बुखार के मरीजों की डेंगू और मलेरिया की जांच की जा रही है। डॉक्टरों का कहना है कि जांच का उद्देश्य समय पर बीमारी का पता लगाना और समय रहते ही मरीजों का उपचार शुरू कर देना है। मौसम में बदलाव के कारण लोगों में डेंगू-मलेरिया की शिकायत मिल रही है, इसलिए डॉक्टर पहले ही जांच करवा रहे हैं। इसे लेकर सामान्य रोग विशेषज्ञ के साथ साथ बाल रोग विशेषज्ञ भी जांच करवा रहे हैं।
बीके अस्पताल में हर रोज सैकड़ों की संख्या में मरीज उपचार करवाने के लिए आते हैं, जिसमें स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ, सामान्य रोग विशेषज्ञ आदि होते हैं। बरसात के बाद से जिले में डेंगू व मलेरिया के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। जिले में अब 12 डेंगू और दो मलेरिया के मामले सामने आ चुके हैं। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. विकास गोयल का कहना है कि बरसात के बाद से बच्चे बुखार की चपेट में आ रहे हैं। जिन बच्चों को दो दिन से ज्यादा बुखार है, उन्हें डेंगू और मलेरिया की जांच करवाने के लिए कहा जा रहा है। उन्होंने बताया कि बच्चे पार्क में खेलने के दौरान आधे अधूरे कपड़ों को पहनते हैं, जिससे डेंगू और मलेरिया की चपेट में आने की संभावना रहती है। ओपीडी में हर रोज 50 बच्चे बुखार के आते हैं, जिसमें से 20 बच्चों को डेंगू व मलेरिया की जांच करवाने के लिए कहा जा रहा है। डेंगू व मलेरिया के केस बढ़ते जा रहे हैं, वहीं दूसरी और बीके अस्पताल में वायरल के मरीजों की संख्या में भी इजाफा हो रहा है।
डेंगू व मलेरिया के लक्षण
- अचानक तेज बुखार (105 डिग्री)
- गंभीर सिरदर्द
- आँखों के पीछे दर्द
- गंभीर जोड़ों और मांसपेशियों में दर्द
- थकान
- उल्टी आना व दस्त होना
मलेरिया से बचने के उपाय
- मलेरिया के मच्छर अधिकतर शाम या रात को काटते हैं। इसलिए इस समय संभव हो तो घर में ही रहे।
- मलेरिया से बचने के लिए उन कपड़ों का उपयोग करें, जो शरीर के अधिकांश हिस्से को ढक सके।
- घर के आस पास बारिश के पानी या गंदे पानी को जमा नहीं होने दे, क्योंकि इसमें मलेरिया के जीवाणु पैदा होने का खतरा रहता है।
- यदि किसी व्यक्ति के शरीर में बुखार तेजी से बढ़ रहा है तो उसे किसी डॉक्टर की सलाह व जांच करवानी चाहिए।