दिल्ली व मेरठ के लोग बड़ी संख्या में हुए शामिल, 13 जुलाई को महापंचायत की घोषणा
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। अनंगपुर गांव में प्रशासन की तरफ से की जा रही तोड़फोड़ के विरोध में लोगों का धरना अब बड़ा रूप लेता जा रहा है। इसी कड़ी में रविवार को 12 गांवों के 84 पाल (मोहल्लों) की पंचायत कर मंच से 13 जुलाई की राष्ट्रीय स्तर की महापंचायत की घोषणा कर दी गई है।
अनंगपुर गांव की 1200 साल पुरानी चौपाल पर रविवार को पंचायत का आयोजन किया गया। इस पंचायत में गुर्जर समाज के लोगों के साथ किसान यूनियन व कांग्रेस सहित अन्य पार्टियों के कई नेता भी शामिल थे। पंचायत में यूपी के मेरठ से बड़ी संख्या में गुर्जर समाज के लोग पहुंचे हुए थे, इसके साथ ही दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान व अन्य राज्यों से भी लोग पंचायत में शामिल हुए।
पंचायत में लोगों ने मांग रखी कि उनका गांव काफी पुराना है । यहां वे करीब 1500 साल से रह रहे हैं। वहीं आजादी के बाद इस गांव के लिए लाल डोरे की सीमा दोबारा नहीं बनाई गई। अंग्रेजों के समय बनाई गई सीमा ही अभी तक लागू है। लोगों ने सरकार व प्रशासन से अपील की कि उनके घरों को न तोड़ा जाए। वहीं पंचायत में मौजूद लोगों ने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी मांग घरों को बचाने के लिए है इसके लिए वे अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखेंगे। वहीं पंचायत में पहुंचे कुछ नेताओं ने सरकार पर भी हमला बोला।
पंचायत के दौरान कांग्रेस नेता विजय प्रताप के साथ कई किसान नेताओं ने लोगों को संबोधित किया। पंचायत में सैकड़ों लोगों ने भाग लिया। सभी ने 13 जुलाई को होने वाली महापंचायत में बढ़ चढ़कर भाग लेने पर सहमति जताई। स्थानीय निवासी पप्पी ने जानकारी देते हुए बताया कि सूरजकुंड के पास पंचायत का आयोजन किया जाएगा। इसमें पूरे भारत से गुर्जर समाज व अन्य लोग शामिल होंगे। इसको लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।