- भाजपा नेताओं के अनुसार 17 सितंबर को झील पर नरेंद्र मोदी का मनाया जाएगा जन्मदिन
- 300 दिन में झील को छह मीटर ऊंचाई तक पानी से भरा जाएगा
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सितंबर में जन्मदिन पर जीर्णोद्धार बड़खल का तोहफा देने में स्मार्ट सिटी अधिकारियों के पसीने छूट रहे हैं। भाजपा नेताओं का दावा है कि 17 सितंबर को पीएम का जन्मदिन में झील पर बनाया जाएगा। लोगों के सैर सपाटे के लिए झील परिसर को खोल दिया जाएगा। इसे लेकर बुधवार को अमर उजाला संवाददाता ने बड़खल झील की पड़ताल की।
इस दौरान मौके पर 15 से 20 मजदूर काम करते नजर आए। मुख्य बांध का काम अभी पूरा नहीं हुआ है। सेक्टरों का पानी झील तक पहुंचाने के लिए बनाए जा रहे वाटर ड्रेनेज लाइन का निर्माण 150 मीटर ही हो पाया है। इसके अलावा पवेलियन व अन्य काम भी बेहद धीमी गति से चल रहे हैं। ऐसे में नेताओं के दावे अधिकारियों पर भारी पड़ रहे हैं। सेक्टर-21बी, एसजीएम नगर, सेक्टर-45, 46 आदि सेक्टरों से बड़खल झील तक बारिश का पानी पहुंचने के लिए ड्रेनेज लाइन (सीमेंटेड नाला) बिछाने का काम किया जा रहा है। करीब 150 मीटर लाइन बिछा दी गई है। परिसर के बाहर पार्किंग का निर्माण जरूर 80 प्रतिशत पूरा कर लिया गया है। इसकी दीवारों को बनाने का काम जारी है। झील परिसर में पहुंचने पाया कि मुख्य बांध का निर्माण कार्य जारी है। मिट्टी को समतल किया जा रहा है। बांध की दीवार लगभग 60 फीसदी बनकर तैयार हो गई है। इसके बाद हमारी टीम सेक्टर-21ए में सीवर शोधन संयंत्र पहुंची। पड़ताल के दौरान सीटीपी में सीवर के पानी को शोधित करने की प्रक्रिया जारी पाई गई। पिछले दिनों झील में पानी पहुंचाने का परीक्षण भी किया गया था, जो सफल बताया गया। परियोजना से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक यूं तो झील को पानी से लबालब भरने में करीब एक साल का समय लगेगा और कम से कम छह महीने झील के पूर्ण सौदर्यीकरण में भी लगेंगे लेकिन। अगर कोई बड़ी तकनीकी दिक्कत नहीं आई तो सितंबर के पहले सप्ताह तक झील में कुछ पानी पहुंचा दिया जाएगा और झील के बांध का सौंदर्यीकरण करके इसे आम लोगों के लिए खोल दिया जाएगा। झील के घाटों को मरीना डेवलपमेंट (विकसित) योजना के तहत मुंबई के मरीन ड्राइव की तर्ज पर बनाया जाएगा। ये घाट देखने में बेहद खूबसूरत होंगे। करीब 700 मीटर लंबे इस बांध को करीब 50 फुट चौड़ा किया जा रहा है। इसका काम अभी 60 प्रतिशत ही पूरा हो पाया है। पिछले दिनों सरकार ने दावा किया था कि बड़खल झील को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर फिर से भरा जाएगा, जबकि स्मार्ट सिटी के अधिकारी और मौके पर कार्य कर रहे ठेकेदार का कहना है कि बांध को तैयार करने में अभी छह माह का समय लग जाएगा। अरावली की वादियों में बसी बड़खल झील बड़खल विधायक सीमा त्रिखा का ड्रीम प्रोजेक्ट है। झील को पानी से दोबारा भरने के लिए जून 2015 को मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण की घोषणा की थी। इसके बाद यह प्रोजेक्ट स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में शामिल कर लिया गया था।
वर्जन
बड़खल झील के जीर्णोद्धार काम तेजी से चल रहा है। सितंबर तक झील में पानी पहुंचाने की तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं। - अरविंद शेखावत, डीजीएम, फरीदाबाद स्मार्ट सिटी लिमिटेड