मोनू मानेसर की अफवाह से राजस्थान की भीड़ फरीदाबाद में बड़कली चौक पर जमा हुई थी। इसके बाद नूंह रोड पर शराब व अन्य दुकानों में आगजनी की गई। बड़कली-पिनगवां रोड पर भाजपा जिला महामंत्री शिव कुमार की तेल मिल और गोदाम में आग लगाई गई।
फरीदाबाद के बड़कली चौक पर दंगे की साजिश पहले से ही रच ली गई थी। दंगाइयों ने अपने चेहरों पर पहले से ही नकाब पहन रखे थे। सोमवार को हुए बवाल में उपद्रवियों ने कई वाहनों और दुकानों को आग लगा दी। बवाल उस समय भड़क उठा जब ब्रजमंडल यात्रा में मोनू मानेसर के पहुंचने की अफवाह फैल गई।
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इस पर बड़ी संख्या में लोग बड़कली चौक पर एकत्र हो गए। देर शाम तक पुलिस-प्रशासन ने यहां स्थिति को पूरी तरह से काबू कर लिया था। लोगों का कहना है कि उपद्रवियों की संख्या मात्र 50 से 60 थी। इन सभी ने अपने चेहरे रूमाल से छिपा रखे थे। बाकी सैकड़ों लोग तमाशाई थे।
इसके बाद नूंह रोड पर शराब व अन्य दुकानों में आगजनी की गई। बड़कली-पिनगवां रोड पर भाजपा जिला महामंत्री शिव कुमार की तेल मिल और गोदाम में आग लगाई गई।
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इसी रोड पर सोनू बाइक वर्कशॉप को जला दिया। बड़कली पर मिठाई व अन्य दुकानों में तोड़फोड़ की गई। नगीना सरपंच नसीम खान व पार्षद पति परवेज आलम ने उपद्रवियों को खदेड़ते हुए लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की।
हिंदू-मुस्लिम झगड़ा नहीं
उमर मोहम्मद नंबरदार, गिरिराज गजमोती ने बताया कि बड़कली चौक पर कुछ हिंदुओं की दुकानें जली हैं, लेकिन हिंदू-मुस्लिम का झगड़ा नहीं हुआ। पुलिस और युवकों की झड़प में गाड़ियां जलाई गई हैं। जो दुर्भाग्यपूर्ण है इसकी जितनी निंदा की जाए कम है। यह षड्यंत्र था।
कैसे हुआ उपद्रव
मोनू मानेसर के बड़कली चौक आने की सूचना सोशल मीडिया पर फैली तो बड़कली चौक पर 60-70 युवक एकत्रित हो गए। पुलिस ने उन्हें खदेड़ा तो एक युवक के पैर में लाठी लग गई। जिसे देखकर भीड़ उत्तेजित हो गई। भीड़ ने पुलिस की बस, कार व दो मोटरसाइकिलों में आग लगा दी। इसके 3-4 घंटे तक हाइवे पर कोहराम मचा रहा।
नगीना में भाईचारा
लाला चमन प्रकाश गोयल ने बताया कि नगीना में कभी भी कोई दंगा फसाद नहीं हुआ। आज भी हिंदू-मुस्लिम समुदाय के लोग दुकानें बंद करके एक जगह बैठकर शांति बनाए रखने की अपील कर रहे हैं। यही तो मेवात की गंगा जमुनी तहजीब है।
बता दें कि 16 फरवरी 2023 को हरियाणा के भिवानी में भरतपुर जिले के गांव घाटमीका के जुनैद और नासिर के जले हुए शव एक बोलेरो गाड़ी में पाए गए थे। हत्याकांड में मोनू मानेसर मुख्य आरोपी था जिस पर राजस्थान पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।