फरीदाबाद। जिले में लगातार बढ़ रहे साइबर अपराध के मामलों को देखते हुए पुलिस आयुक्त ने थाना स्तर पर साइबर टीमों का गठन किया है। साइबर ठगी के शिकार हुए लोगों को अब साइबर थाने में चक्कर नही लगाने पड़ेंगे। थाना स्तर पर जांच होने के कारण साइबर अपराधियों की धरपकड़ में भी तेजी आएगी।
रविवार को पुलिस आयुक्त ओपी सिंह ने कहा कि आधुनिक युग में बढ़ रहे डिजिटलाइजेशन के कारण घटित हो रहे साइबर अपराधों के बारे में लोगों को जागरूक होने की आवश्यकता है। साइबर ठग आए दिन लोगों के साथ धोखाधड़ी के नए-नए तरीके अपनाते रहते हैं। लोगों के साथ लॉटरी, केवाईसी अपडेट, इंश्योरेंस पॉलिसी, क्रेडिट कार्ड आदि के नाम पर तरह तरह से धोखाधड़ी की जाती है। जिले की साइबर शाखा द्वारा साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने का भरसक प्रयास किया जाता रहा है, लेकिन बढ़ते हुए ऑनलाइन व डिजिटल पेमेंट माध्यम के कारण दिन-प्रतिदिन साइबर अपराध बेहताशा बढ़ रहे हैं। वर्ष 2020 में करीब 8000 शिकायतें प्राप्त होना अपने आप में एक रिकॉर्ड है। इसकी रोकथाम के लिए एक थाना काफी नही है।
पुलिस आयुक्त ने रविवार को प्रत्येक थाना स्तर पर एक साइबर टीम का गठन किया। प्रत्येक थाना में एक अधिकारी सहित चार पुलिस कर्मचारियों की एक टीम तैनात रहेगी। टीम की जिम्मेदारी थाना स्तर पर प्राप्त होने वाली साइबर शिकायतों की सुनवाई व निपटान की होगी। जांच अधिकारियों को सक्षम व प्रभावी बनाने के लिए साइबर थाना स्टाफ ने पुलिस लाई में किया पुलिस कर्मियों को एक कैप्सूल कोर्स कराया। जिसमें इन टीमों को अपराधों की रोकथाम, अनुसंधान व अन्य संबंधित प्रशिक्षण दिया गया।