सौर लाइटें लगने के बाद देर शाम तक चहलकदमी कर सकेंगे लोग, सौर ऊर्जा मॉडल पूरे फरीदाबाद में होगा लागू
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। बड़खल क्षेत्र में पार्कों की तस्वीर बदलने जा रही है। नगर निगम फरीदाबाद द्वारा शुरू की गई सौर ऊर्जा आधारित पार्क लाइटिंग योजना के तहत बड़खल क्षेत्र के 70 से अधिक छोटे-बड़े पार्कों को चरणबद्ध तरीके से रोशन किया जाएगा। इस पहल से लंबे समय से अंधेरे और असुरक्षा की समस्या झेल रहे वार्डों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
अब तक बड़खल क्षेत्र के अधिकांश पार्क दिन ढलने के बाद खाली हो जाया करते हैं। पर्याप्त रोशनी न होने के कारण महिलाएं, बुजुर्ग और बच्चे शाम के बाद पार्कों में जाने से कतराते हैं। सौर लाइटें लगने के बाद पार्कों में देर शाम तक चहलकदमी बनी रहेगी। इससे लोगों के स्वास्थ्य को लाभ मिलने के साथ सामाजिक मेल-जोल भी बढ़ेगा। वहीं बुजुर्ग लोग व बच्चों को समय बिताने के लिए एक अच्छी जगह उपलब्ध होगी। जहां वे सुबह के सात शाम व रात को भी आराम से बिना किसी परेशानी के जा सकेंगे।
असामाजिक गतिविधियों पर लगेगी रोक
स्थानीय निवासियों का कहना है कि अंधेरे का फायदा उठाकर कई पार्कों में असामाजिक गतिविधियां पनपने लगी है। रोशनी बढ़ने से ऐसे तत्वों पर अंकुश लगेगा। इसके साथ पार्कों में लोगों की मौजूदगी से पार्कों की देखरेख बढ़ने के साथ कानून व्यवस्था की स्थिति भी बनी रहेगी।
पर्यावरण के अनुकूल समाधान
सौर ऊर्जा आधारित लाइटिंग से बिजली की बचत होने के साथ पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी अहम भूमिका निभाएगी। सौर ऊर्जा के उपयोग से कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी और शहर को हरित बनाने के प्रयासों को मजबूती मिलेगी। विशेषज्ञों के अनुसार सार्वजनिक स्थलों पर सौर ऊर्जा का उपयोग होने से आने वाले समय में बिजली के साथ धन की भी बचत होगी।
बड़खल बनेगा शहर के लिए मॉडल
नगर निगम से जुड़े अधिकारियों के अनुसार बड़खल क्षेत्र में इस योजना के सफल क्रियान्वयन के बाद इसे पूरे फरीदाबाद शहर में लागू किया जाएगा। नगर निगम के आंकड़ों के मुताबिक, फरीदाबाद में 400 से अधिक पार्क हैं, जिनमें से अधिकांश में अभी पारंपरिक या सीमित रोशनी की व्यवस्था है। आने वाले समय में इन सभी पार्कों को सौर ऊर्जा आधारित लाइटिंग से जोड़ने की दिशा में कार्य किया जाएगा।
बिजली खर्च में होगी बड़ी बचत
सौर लाइटों के उपयोग से नगर निगम को बिजली बिलों पर होने वाले खर्च से राहत मिलेगी। इसके साथ इन लाइटों का रखरखाव भी कम खर्चीला होता है। इससे नगर निगम की आर्थिक स्थिति पर अच्छा असर पड़ेगा और संसाधनों का उपयोग अन्य नागरिक सुविधाओं के विकास में किया जा सकेगा।
पार्क संस्कृति को मिलेगा नया जीवन
आपको बताते चलें कि फरीदाबाद में पार्क हरियाली का एक स्थान होने के साथ सामाजिक जुड़ाव के केंद्र भी बने हुए हैं। ज्यादातर इलाकों में हर मोहल्ला का अपना पार्क है जिसमें आप-पास के लोग रोजाना पहुंचे हैं। रोशनी की बेहतर व्यवस्था से लोग देर शाम तक टहल सकेंगे, योग और सामूहिक गतिविधियों में भाग ले सकेंगे।
लोगों ने जताई खुशी
बड़खल क्षेत्र के आरडब्ल्यूए और सामाजिक संगठनों ने इस पहल का स्वागत किया है। उनका कहना है कि अगर शहर के सभी पार्क इसी तरह रोशन होते हैं तो फरीदाबाद एक सुरक्षित, स्वच्छ और रहने योग्य शहर के रूप में नई पहचान बना सकता है। बस यह योजना समय पर और सही तरीके से जमीनी स्तर पर लागू की जानी चाहिए।
लोगों की सुविधा के लिए निगम की तरफ से तेजी से काम किया जा रहा है। लोगों को किसी प्रकार की समस्या नहीं होने दी जाएगी। - गौरव अंतिल, अतिरिक्त निगम आयुक्त