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Faridabad: जैमर के कारण 15 हजार से अधिक लोगों को हो रही परेशानी, कई इलाके प्रभावित, जानें वजह

Mon, 27 Apr 2026 09:14 PM IST
Akash Dubey संवाद न्यूज एजेंसी, बल्लभगढ़ (फरीदाबाद)

सार

नीमका जेल के जैमर की अधिक फ्रीक्वेंसी से 15 हजार से अधिक लोग परेशान हैं। इससे फोन संपर्क और अंतरजाल सेवा बाधित हो रही है। ग्रामीणों ने जेल अधीक्षक नरेश गोयल से शिकायत की। कंपनी एक सप्ताह में समस्या ठीक करेगी।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Meta AI
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विस्तार
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हरियाणा के फरीदाबाद के गांव नीमका स्थित जिला कारागार में लगे जैमर की वजह से जेल के अंदर रहने वाले कर्मचारियों के अलावा गांव नीमका व मिर्जापुर में रहने वाले लोगों को परेशानी हो रही है। नीमका जेल में लगे जैमर के कारण नीमका, मुजेड़ी, मिर्जापुर और सेक्टर-76 में कॉल ड्राप की समस्याओं से करीब 15 हजार से अधिक स्थानीय लोग परेशान हैं। 

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नीमका जेल हरियाणा की प्रमुख जेलों में शुमार है। जेल में कई कैदी चोरी छिपे मोबाइल फोन का प्रयोग करते हैं। वह मोबाइल फोन से ही रंगदारी मांगने, गैंग ऑपरेट भी करते हैं। औचक निरीक्षण में लगातार मोबाइल फोन की बरामदगी भी हो रही थी। इसी वजह से जेल में मोबाइल गतिविधि को पूरी तरह रोकने के लिए हाइ फ्रीक्वेंसी वाले मोबाइल जैमर लगाए गए हैं। नियम के अनुसार उस जैमर की फ्रीक्वेंसी 70 मीटर के दायरे तक होनी चाहिए। लेकिन नीमका जेल के अंदर लगे जैमर की फ्रीक्वेंसी 700 से 800 मीटर होने की वजह से जेल के आस पास व जेल के अंदर सरकारी क्वाटर में रहने वाले करीब 15 हजार से अधिक लोगों को परेशानी हो रही है। 

उसी परेशानी को देखते हुए राजा जैत सिंह नीमका एसोसिएशन के पदाधिकारी यशपाल नागर, पवन नागर, प्रताप नागर, ज्ञानी कमांडो, हरीशचंद्र थानेदार, अनिल पहलवान, सतवीर ठेकेदार, उधम यादव मिर्जापुर, देवीराम नैन, योगेंद्र श्योराण, संजय यादव, अनिल कपासिया जेल अधीक्षक नरेश गोयल से मिले और उन्होंने इस समस्या को लेकर उनको अवगत करवाया। जिस पर जेल अधीक्षक ने उनके साथ दो पुलिसकर्मी को जांच करने के भेज जिसमें पाया कि सबसे ज्यादा परेशानी सेक्टर-73 की तरफ लगे जैमर के कारण ज्यादा परेशानी नीमका गांव में आ रही थी। उस वजह से उनके कई जरूरी कार्य प्रभावित हो रहे है। इसके अलावा पढ़ाई करने वाले बच्चे, काम धंधे वाले लोगों को भी मोबाइल फोन नहीं मिलने, इंटरनेट कनेक्शन रुक रुक कर चलने से अनेकों तरह की दिक्कत पेश आ रही है।
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इस समस्या को लेकर उन्होंने कंपनी को पत्र लिख दिया है। जल्द ही कंपनी के कर्मचारी आकर फ्रीक्वेंसी को चेक करने के बाद ठीक कर दिया जाएगा। इस समस्या को ठीक करने में एक सप्ताह का समय लगेगा। अगर उसके बाद भी इस समस्या का समाधान नहीं निकलता है तो वह उपायुक्त से मिलकर इस समस्या के बारे में अवगत करवाएंगे।

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