नमक, मिठाइयों और तले हुए खाद्य पदार्थों से परहेज करने की सलाह
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। बिगड़ती जीवनशैली और गलत खानपान के कारण लोगों में किडनी की समस्याएं बढ़ रही हैं। खानपान में थोड़ी सी भी लापरवाही किडनी पर अतिरिक्त दबाव डाल सकती है, जिससे मरीज की तबीयत बिगड़ सकती है। इसके साथ ही बढ़ते प्रदूषण से किडनी मरीजों की भी मुसीबत बढ़ गई है।
निजी अस्पताल में वरिष्ठ नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. जितेंद्र ने कहा कि अस्पताल में प्रतिदिन सात से आठ मरीज किडनी से संबंधित लक्षण लेकर पहुंच रहे हैं। उन्होंने बताया कि किडनी के मरीजों को नमक, मिठाइयों और तले हुए खाद्य पदार्थों से परहेज करना चाहिए। इन चीजों में सोडियम और चीनी की मात्रा अधिक होती है, जिससे शरीर में पानी रुकने लगता है और ब्लड प्रेशर असंतुलित हो सकता है। इसका सीधा असर किडनी पर पड़ता है।
डॉ. जितेंद्र ने बताया कि वायु प्रदूषण भी किडनी मरीजों के लिए खतरनाक हो सकता है। इससे सांस लेने में तकलीफ और ऑक्सीजन लेवल में गिरावट आ सकती है। ऐसे मरीजों को चाहिए कि वे प्रदूषण से बचाव के उपाय करें और भीड़ भाड़ वाले इलाकों से दूरी बनाए रखें।
उन्होंने सलाह दी है कि किडनी रोगियों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीना चाहिए। कई बार ज्यादा पानी पीना भी नुकसान पहुंचा सकता है। मरीज अपनी नियमित दवाइयों व डायलिसिस का समय बिल्कुल न छोड़ें। थोड़ी सी सावधानी और अनुशासन के साथ किडनी रोगी सुरक्षित और खुशहाल तरीके से रह सकते हैं।