संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण के मामले में औद्योगिक नगरी फरीदाबाद ने प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। दूसरे स्थान पर चरखी दादरी और तीसरे स्थान पर हिसार रहा। वहीं प्रदेश के कई जिलों में अब तक एक भी पंजीकरण नहीं हो सका है। जिले में ऑनलाइन डिलीवरी सेवाओं से जुड़े कर्मचारियों को पांच लाख रुपये तक का दुर्घटना लाभ मिल सकेगा।
ई-श्रम पोर्टल के अनुसार जिले में अब तक 608 डिलीवरी कर्मचारियों का पंजीकरण हो चुका है, जो प्रदेश के अन्य जिलों की तुलना में सर्वाधिक है। इसके बाद चरखी दादरी में 136 और हिसार में 121 पंजीकरण हुए हैं। अंबाला, नूंह, पानीपत, पलवल सहित कई जिलों में यह संख्या 100 से भी कम रही है। ई-श्रम योजना केंद्र सरकार की ओर से असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए शुरू की गई थी, जिससे उन्हें विभिन्न सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ मिल सके। इस योजना के तहत पंजीकृत श्रमिकों को कई लाभों के साथ-साथ दुर्घटना बीमा का भी प्रावधान है। काम के दौरान किसी दुर्घटना में मृत्यु या स्थायी दिव्यांगता की स्थिति में पंजीकृत श्रमिक को अधिकतम 5 लाख रुपये तक की बीमा राशि प्रदान की जाएगी।
जिले में श्रम-विभाग द्वारा शिविर लगाकर फूड डिलीवरी, कूरियर सेवाएं और ई-कॉमर्स कंपनियों में कार्यरत युवाओं का पंजीकरण कराया गया है। रिकार्ड के अनुसार, जिले में ऑनलाइन डिलीवरी के क्षेत्र में युवाओं की भागीदारी काफी अधिक है। विशेष कैंप लगाकर कंपनियों के माध्यम से इन कर्मचारियों तक योजना पहुंच बनाई गई। पंजीकरण के लिए श्रमिकों से आधार कार्ड, बैंक खाता विवरण और मोबाइल नंबर जैसी जानकारी अपलोड करवाई गई।
वर्जन
जिले में शिविर लगाकर कर्मचारियों को पंजीकरण के लिए जागरूक किया गया था। इसका परिणाम है, जिले में सबसे अधिक असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों का ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण किया गया है। जिनका पंजीकरण हो चुका है, उन्हें सरकार की योजनाओं का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा। - भगत प्रताप, श्रम उपायुक्त