आरोपियों ने पुलिस व सीबीआई अधिकारी बनकर शिकायतकर्ता पर गैर कानूनी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगाए
साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ में दर्ज की गई एफआईआर
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। बल्लभगढ़ इलाके में रहने वाले 68 वर्षीय बुजुर्ग को डिजिटल अरेस्ट कर 81 लाख रुपये ठग लिए गए। आरोपियों ने पुलिस, सीबीआई अधिकारी व डीओपी अधिकारी बनकर बुजुर्ग पर आरोप लगाया कि वह मनी लॉन्ड्रिंग व मानव तस्करी जैसी अवैध गतिविधियों में शामिल हैं। आरोपियों ने उन्हें पांच दिन तक डिजिटल अरेस्ट कर दो बार में रुपये ट्रांसफर करा लिए। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ की टीम ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को ये शिकायत सेक्टर-7 डी निवासी विष्णु पद चैटर्जी ने दी। उनका कहना है कि 14 अक्तूबर की दोपहर 02:29 बजे एक नंबर से उन्हें कॉल आई। इसके बाद व्हाट्सएप वॉइस व वीडियो कॉल एक अन्य नंबर से आई। इस नंबर से 14 अक्तूबर की दोपहर 03:50 बजे से 16 अक्तूबर तक कॉल आई। फिर 16 से 18 अक्तूबर तक तीसरे नंबर से व्हाट्सएप वॉइस व वीडियो कॉल आई। 19 अक्तूबर की सुबह चौथे नंबर से मैसेज भी व्हाट्सएप पर आया।
शिकायतकर्ता के अनुसार आरोपियों ने खुद को डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकम्यूनिकेशन, डीसीपी बंगलूरू व सीबीआई मुंबई का अधिकारी बताया। आरोपियों ने शिकायतकर्ता पर मनी लॉन्ड्रिंग व मानव तस्करी जैसी अवैध गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगाए।
आरोपियों ने कहा कि आपके खिलाफ केस दर्ज हो गया है और आपको डिजिटल अरेस्ट किया जा रहा है। आरोपियों ने पांच दिन तक उन्हें वीडियो कॉल पर रखा। डराकर व धमकी देकर उनसे पेमेंट करने को कहा गया। आरोपियों 16 अक्तूबर को 51 लाख रुपये की पेमेंट और 17 अक्तूबर को 30 लाख रुपये की दूसरी पेमेंट आरटीजीएस से ट्रांसफर कराई।
19 अक्तूबर को साइबर क्राइम हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई गई। मामले में अब साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ पुलिस ने अवैध वसूली व ठगी की धाराओं में एफआईआर दर्ज की है।