बेटे ने पूरी की अंतिम इच्छा, मेडिकल के छात्र करेंगे पुष्पावती नागपाल के शरीर पर शोध
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। सेक्टर-29 (हुड्डा) में रहने वाली पुष्पावती नागपाल (95) की अंतिम इच्छा थी कि मृत्यु के बाद उनका शरीर (शव) मेडिकल की पढ़ाई करने वाले छात्र-छात्राओं के काम आए। उन्होंने इस बात से अपने परिवार के सभी सदस्यों को अवगत और दधिचि देहदान समिति में फॉर्म भी भरा था। शनिवार को मृत्यु के बाद उनका शरीर अमृता अस्पताल को दान कर दिया गया।
सेक्टर-29 के आरडब्ल्यूए महासचिव सुबोध नागपाल ने बताया कि उनकी मां पुष्पावती नागपाल पिछले करीब एक सप्ताह से निजी अस्पताल में उपचाराधीन थीं। शनिवार सुबह करीब साढ़े दस बजे उनकी मृत्यु हो गई। मां की अंतिम इच्छा को ध्यान में रखते हुए उनके शव को अमृता अस्पताल में दान कर दिया गया। अब उनके शव पर मेडिकल के विद्यार्थी पठन-पाठन और शोध करेंगे।
दधिचि देहदान समिति के सहयोग से शरीर दान किया गया। समिति के पदाधिकारी राजीव गोयल और सत्यवीर दहिया ने बताया कि इससे पहले मंजू मेहता (75) का शव परिवारजनों ने अस्पताल को दान किया था। लोगों के शव दान करने से मेडिकल के छात्रों को मदद मिलेगी। समिति शवों को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज और अमृता अस्पताल में दान करती है।