फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Faridabad News: बच्ची की मौत के मामले में निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग

विज्ञापन
विज्ञापन
कई सामाजिक संगठनों ने हरियाणा मानव अधिकार आयोग के सदस्य को मांग पत्र सौंपा
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी

फरीदाबाद। एनआईटी कपड़ा कॉलोनी निवासी दंपती की पांच माह की बच्ची की मौत के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कई सामाजिक संगठनों ने शुक्रवार को हरियाणा मानव अधिकार आयोग के सदस्य को मांग पत्र सौंपकर निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।


बच्ची के पिता जितेंद्र यादव व माता बबली देवी का आरोप है कि बच्ची कई दिनों से दूध नहीं पी पा रही थी और उसकी तबीयत लगातार बिगड़ रही थी। परिजन उसे सबसे पहले एनआईटी-3 स्थित ईएसआईसी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां से बच्ची को बीके नागरिक अस्पताल रेफर कर दिया गया। आरोप है कि वहां भी समय पर उचित इलाज नहीं मिला और बाद में बच्ची को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल भेज दिया गया। परिवार का कहना है कि सफदरजंग अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही बच्ची की मौत हो गई।
विज्ञापन



मामले को लेकर सामाजिक संगठनों ने अस्पतालों की रेफर व्यवस्था और स्वास्थ्य सेवाओं पर गंभीर सवाल उठाए हैं। वासी प्रवासी कल्याण एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष संतोष यादव ने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जिन डॉक्टरों व अधिकारियों की लापरवाही सामने आए, उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए।


प्रतिनिधिमंडल में नवप्रयास सेवा संगठन के अध्यक्ष सुनील यादव और कोली समाज के अध्यक्ष जगदीश कोली भी शामिल रहे। उन्होंने कहा कि गरीब और सामान्य परिवारों को सरकारी अस्पतालों में समय पर इलाज नहीं मिल पाना बेहद चिंताजनक है।
विज्ञापन



बताया गया कि दो दिन पहले अनीश पाल ने भी मानव अधिकार आयोग को शिकायत पत्र भेजकर रेफर प्रक्रिया में लापरवाही का आरोप लगाया था। शिकायत में कहा गया है कि यदि बच्ची को समय पर उपचार मिलता तो उसकी जान बचाई जा सकती थी। आयोग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें