गांव उटावड़ के जिस घर से बृहस्पतिवार को दो डोलियां उठनी थीं वहां से चार जनाजे निकलते देख हर दिल रो पड़ा। जो टेंट बारातियों व मेहमानों के बैठने के लिए लगाए गए थे, वहां अब पुलिस के जवान चौकसी के लिए बैठे थे।
गांव नसीर की दो पुत्रियों की शादी बृहस्पतिवार को होनी थी। जिसके लिए बुधवार से ही घरवाले तैयारी में जुटे थे। शामियाने तो बुधवार को ही लग चुके थे। खानसामें भी पकवान बनाने की तैयारी में जुटे थे लेकिन बुधवार दोपहर हुई वारदात में परिवार के चार लोगों की हत्या के बाद से अब घर के आंगन में शहनाई की गूंज नहीं सुनाई दे रही वहां तो बस मातम पसरा है।
गांव उटावड़ निवासी कांग्रेसी नेता बिलाल अहमद ने बृहस्पतिवार को सिविल अस्पताल में बताया कि आज मरहूम दीन मोहम्मद के परिवार में नसीर की दो बेटियों का निकाह था। दीन मोहम्मद व हरियाणा पुलिस के दरोगा याहया के परिवार के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था।