बीके सिविल अस्पताल परिसर में स्थित मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) कार्यालय में चोरों ने सेंध लगा दी। चोर कार्यालय के पास ही स्थित पेंट्री कक्ष की खिड़की तोड़कर अंदर घुसा और दफ्तर में रखी कुछ फाइलें चुरा लीं। वारदात वहां लगे सीसीटीवी में कैद हो गई। दूसरी ओर आधी रात के बाद हुई इस वारदात को गंभीरता से लेते हुए रात्रि ड्यूटी पर तैनात दो सुरक्षाकर्मियों को सीएमओ ने बर्खास्त कर दिया है।
बीके सिविल अस्पताल परिसर में ही सीएमओ का दफ्तर है। शुक्रवार सुबह चपरासी जब सफाई करने पहुंचा तो चोरी का पता चला। कार्यालय में अलमारी का ताला टूटा पड़ा था और फाइलें बिखरी पड़ी थीं। चपरासी ने इसकी सूचना सीएमओ का दी। सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची और निरीक्षण किया। सीएमओ गुलशन अरोड़ा ने बताया कि अस्पताल परिसर में लगे कैमरे के लॉन्ग शॉट (बहुत दूर की तस्वीर) में एक युवक नजर आ रहा है।
मुंह पर रुमाल बांधे इस युवक ने लंबा कोट, चश्मा और जींस पहनी हुई थी। यह युवक सीएमओ दफ्तर में बनी पेंट्री (रसोई) की ओर बढ़ा। जहां उसने पेंट्री की जर्जर खिड़की को तोड़ा और कार्यालय में दाखिल हो गया। इस पेंट्री रूम में ही सीएमओ दफ्तर की कई वर्षों पुराना महत्वपूर्ण रिकॉर्ड रखा हुआ था।
इसके बाद पेंट्री के बगल में बने डिप्टी सीएमओ के कार्यालय में भी कई फाइलें खंगाली। हैरानी की बात है कि उस वक्त न तो डिप्टी सीएमओ के कमरे पर ताला लगा था और न ही उनके कमरे के बाहर लगा सीसीटीवी ही काम कर रहा था। सीएमओ गुलशन अरोड़ा का कहना है कि उन्हें अभी नहीं पता कि कौन सी फाइल चोरी हुई है। दोनों ही कमरों में कई वर्षों की फाइलें रखी हुई थी।
इसका पता पूरा रिकॉर्ड जांचने के बाद ही लगाया जा सकता है। उधर एनआईटी-3 चौकी प्रभारी एसआई दयानंद ने बताया कि अस्पताल प्रशासन या मुख्य चिकित्सा अधिकारी की ओर से चोरी की कोई शिकायत नहीं मिली है। इसलिए इस संबंध में कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है। उधर, सीएमओ गुलशन अरोडा का कहना है कि चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के हाथों एक तहरीर थाने को भिजवा दी गई है।
लापरवाह सुरक्षाकर्मी, खराब सीसीटीवी
अस्पताल परिसर में करीब 64 कैमरे हैं। इसमें से 32 कैमरे सीएमओ कार्यालय में लगे हैं। बीके व सीएमओ कार्यालय के करीब 25 कैमरे खराब पड़े हैं। इसके अलावा करीब 31 सुरक्षाकर्मी अस्पताल सुरक्षा में तैनात हैं। इसके बावजूद बृहस्पतिवार को एक अनजान व्यक्ति भर्ती, जांच रिपोर्ट व कई अन्य मह्त्वपूर्ण फाइलों का रिकॉर्ड खंगाल गया। वहीं ऐसी ही एक हैरान करने वाली घटना बीते वर्ष 11 जुलाई को बीके अस्पताल में हुई थी। जिसमें एक युवक अस्पताल में महिला रोगी के साथ तीमारदारी में आई एक किशोरी के साथ दुष्कर्म का प्रयास करते हुए पकड़ा गया। देर रात की इस घटना पर राष्ट्रीय मानव अधिकार ने बीके अस्पताल की सुरक्षा और कार्रवाई पर जवाब मांगा है।