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नाइजीरियन चार्ल्स का शव लेने फरीदाबाद पहुंचे रिश्तेदार

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नाइजीरियन चार्ल्स का शव लेने फरीदाबाद पहुंचे रिश्तेदार

फरीदाबाद। नाइजीरियन ड्रग सप्लायर माइकल चार्ल्स उर्फ ओबियाना जोसेफ का शव लेने 25 दिन बाद पहुंचे परिजनों को दस्तावेज में कमी के कारण प्रशासन ने शव देने से इंकार कर दिया। माइकल के परिजनों के साथ नाइजीरियन दूतावास से आई अधिकारी को एसडीएम बल्लभगढ़ राजेश कुमार ने दोबारा से दस्तावेज मंगवाने को कहा है।
सूरजकुंड-गुरुग्राम रोड पर 5 जुलाई को आधी रात के बाद ड्रग्स तस्कर माइकल को पुलिस द्वारा काबू करने की कोशिश में उसकी ही पिस्टल से चली गोली लगने से मौत हो गई थी। इस दौरान पुलिस ने उसके एक साथी इचकू इयाना को गिरफ्तार किया था। इचकू इयाना ने पुलिस को बताया कि माइकल घाना का रहने वाला है। पुलिस ने जब घाना दूतावास को माइकल का शव ले जाने के लिए लिखा तो उन्होंने जांच के बाद बताया कि माइकल घाना का नागरिक नहीं था। इस पर पुलिस ने उसके पास से मिले दूसरे पासपोर्ट को नाइजीरियन दूतावास भेजकर जांच करवाई तो पता चला कि माइकल नाइजीरिया का निवासी था। पुष्टि होने पर पुलिस ने उसके शव को परिजनों को सौंपने के लिए नाइजीरिया दूतावास को पत्र लिखा था।
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बृहस्पतिवार को नाइजीरियन दूतावास से आई अधिकारी मोनिका के साथ माइकल का भाई सीजे शव लेने आया था। इस दौरान एसडीएम बल्लभगढ़ राजेश कुमार ने सीजे के दस्तावेज चेक किए तो उसका वीजा समाप्त हो चुका था। इसके अलावा वह दस्तावेज की फोटोकॉपी दिखा रहा था। पुलिस प्रशासन ने जब उससे ओरिजनल दस्तावेज मांगे तो वह दिखा नहीं पाया। इस पर एसडीएम ने बिना पूर्ण व सत्यापित दस्तावेज के शव देने से इंकार कर दिया। दूतावास अधिकारी मोनिका के अनुसार, दस्तावेज को पूरा कर और दूतावास के लेटरहैड पर लिखवाकर वे एक-दो दिन में शव को प्रशासन से लेकर उनके परिजनों को सौंप देंगे। मोनिका के अनुसार, माइकल का शव उसके परिजन नाइजीरिया लेकर जाएंगे।

तुम सदा हमारे दिल में रहोगे ओबियाना
माइकल का शव लेने आए परिजन व रिश्तेदारों ने शोक में काले रंग की टी-शर्ट पहन रखी थी। टी-शर्ट पर माइकल की फोटो छपी थी और उसके नीचे रेस्ट इन पीस व यू विल लिव इन आवर हर्ट फोरऐवर (तुम सदा हमारे दिल में रहोगे) लिखा था। टी-शर्ट के आगे और पीछे दोनों तरफ माइकल की फोटो छपी हुई थी। हालांकि, माइकल चार्ल्स का नाम उसके परिजनों ने ओबियाना जोसेफ लिखा हुआ था।
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खुलेआम पी रहे थे शराब, पुलिस खड़ी देखती रही
माइकल चार्ल्स का शव लेने आए रिश्तेदार व मिलने वाले बीके अस्पताल के शवगृह के बाहर बैठकर खुलेआम शराब पी रहे थे। इस दौरान वहां एसजीएम नगर व सूरजकुंड दो थानों की पुलिस और एसडीएम बल्लभगढ़ राजेश कुमार मौजूद थे। मगर किसी ने भी उन्हें रोकने या किसी तरह की कार्रवाई का प्रयास नहीं किया। अमर उजाला के फोटोग्राफर ने उनकी फोटो खींची तो पानी की बोतल में शराब डालकर पी रही नाइजीरियन युवती ने अपने चेहरा छिपा लिया।
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