मानव तस्करी गिरोह के चंगुल से छूटी
आठ किशोरियों को घर भिजवाया
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। झारखंड से किशोरियों को बहला-फुसलाकर या खरीद कर दिल्ली-एनसीआर में बेचने वाले मानव तस्करी गिरोह के चंगुल से छुड़वाई गईं आठ किशोरियों को सोमवार पुलिस सुरक्षा में उनके घर भिजवाया गया। सोमवार को सर्किट हाउस पहुंचे हरियाणा राज्य बाल अधिकार आयोग के सदस्य बालकृष्ण गोयल ने लड़कियों को उनके परिजनों के सुपुर्द किया। इस मौके पर उनके साथ मिसिंग सेल प्रभारी सतेंद्र रावल, महिला थाना प्रभारी सविता, बाल कल्याण समिति के चेयरमैन एचएस मलिक भी मौजूद थे।
इस साल जनवरी में झारखंड की एक बच्ची को टीटू कॉलोनी धीरज नगर से चाइल्ड हेल्पलाइन की मदद से मुक्त कराया गया था। बच्ची ने महिला पुलिस को ताया था कि उसे तीन साल पहले झारखंड से खरीदकर लाया गया। उसके बाद उसे दिल्ली में बेचा गया और दिल्ली से फरीदाबाद का एक युवक खरीद लाया। इस दौरान उससे कई बार मारपीट व दुष्कर्म हुआ था। पुलिस ने तब जांच के दौरान कई और लड़कियों को मुक्त कराया था। पुलिस ने सुरेंद्र महतो व अरुण नामक युवक को गिरफ्तार किया था, जबकि गिरोह का मास्टर माइंड मणि मिश्रा पत्नी अनीमा के साथ फरार हो गया था। पिछले दिनों पुलिस ने मणि मिश्रा को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया था। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर आठ और किशोरियों को मुक्त करवाया, जिन्हें आज उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। सोमवार को आठों किशोरियों को पुलिस सुरक्षा में उनके घर भेजा गया।