फरीदाबाद। जिला उपायुक्त ने शनिवार को महिला एवं बाल विकास विभाग, बाल संरक्षण इकाई, स्वास्थ्य विभाग और शिक्षा विभाग आदि के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने निर्देश दिए कि जिले में कोविड महामारी में ऐसे बच्चे, जिनके मां बाप इस दुनिया से चले गए हैं। उन्हें मुख्यमंत्री स्वयं बाल सेवा योजना का लाभ देने के लिए गंभीर है। ऐसे बच्चों के संबंध में कागजी कार्रवाई जल्द से जल्द पूरी करें।
उपायुक्त यशपाल ने कहा कि सरकार द्वारा जारी हिदायतों के अनुसार बाल सेवा योजना के तहत यह प्रक्रिया पूरा करने के लिए डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डॉट सीडीएचआरवाई डॉट जीओवी डॉट इन पर भी आवेदन कर सकते हैं। चयनित बच्चों की कागजी कार्रवाई यथाशीघ्र पूरी करना सुनिश्चित करें। तीन बच्चों के माता-पिता के कोरोना संक्रमण से मृत्यु होने की पुष्टि के कागजात अभी नहीं मिले हैं। उन्होंने कहा कि आमजन को इस योजना बारे अधिक से अधिक जानकारी दें। जिला बाल संरक्षण इकाई के फोन नंबर- 0129-2984044 पर संपर्क कर ऐसे बच्चों की जानकारी दें।
जिला बाल संरक्षण इकाई अधिकारी गारिमा सिंह तोमर ने बताया कि ऐसे बच्चों की कागजी कार्रवाई पूरी की जानी है। जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा 2500 रुपये प्रति अनाथ हुए उन बच्चों को दिए जाएंगे, जो अपने परिवार के साथ रह रहे हैं। ऐसे बच्चे जो सीसीआई चाइल्ड केयर सेंटरों में रहे हैं, उन्हें 1500 रुपये प्रति माह मिलेंगे। वहीं 12000 रुपये सालाना पढ़ाई के लिए परिवार वालों को दिए जाएंगे। कोविड-19 में बीमारी से अनाथ हुई बच्चियों को विवाह के लिए मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना के तहत 51 हजार रुपये दिए जाएंगे। इस मौके पर पीएमओ डॉ. रामभक्त, जिला कार्यक्रम अधिकारी अनिता शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी ऋतु चौधरी, जिला बाल समिति के चेयरमैन श्रीपाल कहराना आदि मौजूद रहे।