-वारदात से 16 दिन पहले सोशल मीडिया पर डाली थीं पिस्टल के साथ फोटो, फिर भी पुलिस ने नहीं किया था मामला दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। डस्टर कार सवार 12वीं के छात्र आर्यन मिश्रा की हत्या का आरोपी अनिल कौशिक सोशल मीडिया पर पिस्टल के साथ या गोवंश के साथ फोटो साझा कर रौब गांठता था। वारदात से करीब 15 दिन पहले उसने सोशल मीडिया पर पिस्टल के साथ फोटो डालीं थीं। अब यह फोटो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही हैं। इसके बावजूद फरीदाबाद पुलिस ने उसपर कोई मामला दर्ज नहीं किया था।
हरियाणा सरकार की गोसेवा समिति का सदस्य अनिल कौशिक अक्सर अपनी फोटो सोशल मीडिया पर डालता था। इसमें कई बार गोसेवा करते हुए अपने को दिखाता था। आर्यन की हत्या से कुछ दिन पहले 6 अगस्त को उसने सोशल मीडिया पर कुछ फोटो का समूह (कोलाज) साझा किया था। जिसमें पिस्टल के साथ उसकी फोटो थीं। उसने एक वृद्धा को अस्पताल पहुंचाने का वीडियो भी सोशल मीडिया पर पोस्ट किया था। इसके अलावा वह एक फोटो में गोसेवा करते नजर आ रहा है।
पुलिस ने नहीं की कार्रवाई
पिस्टल के साथ फोटो और कोलाज वायरल होने के बाद भी फरीदाबाद पुलिस को उसकी भनक नहीं लग पाई है। अक्सर ऐसे मामलों में स्वयं से संज्ञान लेने वाली पुलिस आरोपियों पर मामले दर्ज कर लेती है। इस मामले में पुलिस की तत्परता दिखाई नहीं पड़ रही है।
पुलिस इन्हें देगी नोटिस
वारदात वाली रात आर्यन के साथ कार में बैठे उसके मकान मालिक हर्षित, सुजाता गुलाटी और कीर्ति शर्मा को भी पुलिस जांच में शामिल करेगी। इसके लिए उनकी तलाश की जा रही है। सभी अपने निवास स्थान पर नहीं हैं। ऐसे में पुलिस उनके नए पते की जानकरी जुटा रही है। सूत्रों की मानें तो पुलिस हर्षित गुलाटी, सुजाता गुलाटी, कीर्ति शर्मा को नोटिस जारी करेगी। वहीं, जेल में बंद सैंकी को भी प्रोडक्शन वारंट पर लेकर पुलिस पूछताछ कर सकती है।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने डीसी को सौंपा ज्ञापन
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) की जिला कमेटी ने आर्यन मिश्रा हत्याकांड के आरोपियों पर कार्रवाई के लिए धरना दिया है। सीपीआईएम के कार्यकर्ताओं ने सेक्टर-12 स्थित लघु सचिवालय पर धरने में कथित गोरक्षकों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने राष्ट्रपति के नाम मांगों का ज्ञापन जिला उपायुक्त को सौंपा है।