शहर में चल रही 386 अवैध दुकानें, तय मानक पूरा करने पर मिलेगा लाइसेंस
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर में बिना लाइसेंस के चल रहीं मीट की दुकानों पर नगर निगम कार्रवाई करेगा। निगम के निर्देश के बावजूद कई दुकानदार लाइसेंस नहीं ले रहे हैं। निगम ने इसके लिए दस हजार रुपये पंजीकरण फीस रखी है। शहर में करीब 386 मांस की अवैध दुकानें चल रहीं हैं। इससे आम लोगों को परेशानी होती है।
नगर निगम को इन दुकानों में सफाई न रहने और दुकान के बाहर गंदगी को लेकर शिकायतें मिलती रहतीं हैं। कई बार लोगों दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हैं। नगर निगम की स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. प्रभजोत कौर ने बताया कि शहर में मांस की दुकानों का सर्वे कराया गया है। इसमें करीब 386 दुकानों की पहचान की गई है। उन्होंने बताया कि उन्हें नोटिस देकर लाइसेंस लेने को कहा जा रहा है। इसके साथ ही दुकानदारों को तय मानक के अनुसार ही मांस बेचना होगा। उन्होंने बताया कि मीट दुकान खोलने के लिए लाइसेंस लेने का प्रावधान है। इसके लिए सरल पोर्टल पर आवेदन करना होगा। इसके अलावा दुकान की साफ-सफाई का ध्यान रखना होगा। इस पर निगम की टीम ध्यान रखेगी। उन्होंने बताया कि अभी कम लोग इसके लिए आगे आए हैं। बता दें कि निगम क्षेत्र में मांस की दुकान खोलने के लिए नगर निगम से लाइसेंस लेना जरूरी होता है, लेकिन इसे पूरी तरह से लागू नहीं किया जा सका है। शहर में शिव कॉलोनी तिगांव रोड, सेक्टर-55 सोहना रोड, पल्ला बाईपास, रेलवे रोड, एनआईटी व डबुआ काॅलोनी समेत अन्य जगहों पर बिना रोक टोक मांस बेचा जा रहा है।
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तय मानक होने पर मिलेगा लाइसेंस
नगर निगम के अनुसार मीट की दुकान का लाइसेंस तय मानक मिलने पर ही जारी होगा। इसके लिए दुकान में फ्रीज, गंदे पानी की निकासी का इंतजाम, सफाई समेत अन्य बातों की जांच की जाएगी। योजना के अनुसार पहली बार लाइसेंस फीस 10 हजार रुपये है। रिन्यू करने पर करीब पांच हजार रुपये देने होंगे।