संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ऑनलाइन ट्रांसफर प्रक्रिया में अब मेडिकल बोर्ड की धीमी कार्यप्रणाली कर्मचारियों के तबादलों में बाधा नहीं बनेगी। सरकार ने प्रमुख चिकित्सा संस्थानों और राज्य के सभी सरकारी मेडिकल कॉलेजों को निर्देश दिए कि ट्रांसफर पॉलिसी के तहत मेडिकल आधार पर अतिरिक्त अंक लेने वाले कर्मचारियों के मेडिकल प्रमाण पत्र प्राथमिकता के आधार पर अधिकतम तीन दिन में जारी किए जाएं।
इसका असर जिले के दो सरकारी मेडिकल कॉलेजों पर पड़ेगा। इनमें एनआईटी-3 स्थित ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज और छांयसा स्थित श्री अटल बिहारी वाजपेयी राजकीय मेडिकल कॉलेज शामिल हैं।
सरकार का मानना है कि यदि मेडिकल बोर्ड समय पर प्रमाण पत्र जारी नहीं करेंगे तो पूरी ऑनलाइन ट्रांसफर प्रक्रिया प्रभावित होगी और पात्र कर्मचारी अपने अधिकार से वंचित रह सकते हैं। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि मेडिकल आधार पर अंक केवल उन्हीं कर्मचारियों को मिलेंगे जिनके पास अधिकृत मेडिकल बोर्ड की ओर से जारी वैध प्रमाण पत्र होगा। यह प्रमाण पत्र स्वयं कर्मचारी, उसके जीवनसाथी अथवा अविवाहित पुत्र-पुत्री से संबंधित गंभीर बीमारियों के मामलों में लागू होगा।
गौरतलब है कि पहले मेडिकल बोर्ड से प्रमाण पत्र मिलने में कई दिन या सप्ताह लग जाते थे। वहीं, अब आवेदन मिलने के बाद प्राथमिकता के आधार पर तीन दिन के भीतर मेडिकल प्रमाण-पत्र जारी करने का निर्देश दिया है, इससे ट्रांसफर प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके।