अलग-अलग बहाने बनाकर की गई ठगी
साइबर क्राइम थाना एनआईटी, सेंट्रल व बल्लभगढ़ में दर्ज की गई एफआईआर
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। साइबर ठगों ने जिले के अलग-अलग इलाकों में रहने वाले 6 लोगों से 38.06 लाख रुपये ठग लिए। ठगों ने टेलीग्राम प्रीपेड टास्क, शेयर बाजार में निवेश पर मुनाफा दिलाने, गैस कनेक्शन काटने की धमकी देकर, क्रेडिट कार्ड पर लगने पर चार्ज बंद कराने समेत अन्य बहानों से ये ठगी की। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि साइबर क्राइम थाना एनआईटी, सेंट्रल व बल्लभगढ़ में एफआईआर दर्ज कर टीमों ने इन मामलों की जांच शुरू की है।
पहले मामले में साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ पुलिस को शिकायत सेक्टर-11 के रहने वाले जयभगवान ने दी है। इनका आरोप है कि 31 जनवरी को एक मैसेज आया जिसमें गैस कनेक्शन का बिल बकाया बताकर कनेक्शन काटने बारे लिखा था। वेबसाइट पर शिकायतकर्ता ने चेक किया तो कोई बिल पेंडिंग नहीं था। बाद में मैसेज में दिए गए नंबर पर कॉल की तो आरोपी ने पेमेंट के लिए लिंक में एपीके फाइल भेजी। ये खोलकर शिकायतकर्ता ने क्रेडिट कार्ड की डिटेल डाली तो 12 रुपये की ट्रांजेक्शन फेल हो गई। बाद में शिकायतकर्ता से 485371 रुपये ठग लिए गए।
दूसरे मामले में साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ पुलिस को शिकायत बल्लभगढ़ इलाके के रहने वाले मनोज कुमार ने दी है। इनका कहना है कि 9 जनवरी को टेलीग्राम पर एक अन्य आईडी से इन्हें मैसेज आया जो पार्ट टाइम जॉब के लिए था। लिंक के जरिये ये टेलीग्राम ग्रुप से जुड़ गए। शुरू में टास्क करने पर इनके खाते में 904 रुपये भेजे गए। फिर प्रीपेड टास्क में निवेश पर मुनाफे का झांसा देकर 17.99 लाख रुपये ठग लिए गए।
तीसरे मामले में साइबर क्राइम थाना एनआईटी पुलिस को शिकायत नंगला एंक्लेव इलाके के रहने वाले रामपाल सिंह ने दी है। इनका कहना है कि जीवन बीमा पॉलिसी का पैसा मिलना था। एक ठग ने बीमा कंपनी कर्मचारी बनकर कॉल की और प्रोसेसिंग फीस समेत अन्य बहाने से 1.60 लाख रुपये ठग लिए।
चौथे मामले में साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस को शिकायत सराय ख्वाजा इलाके के रहने वाले विपिन कुमार ने दी है। इनका आरोप है कि 27 जनवरी की दोपहर 2 मोबाइल नंबर से इन्हें कॉल आए। आरोपियों ने फाइनेंस कंपनी कर्मचारी बनकर बात की और लोन ईएमआई सेट करने को लेकर शिकायतकर्ता को मैसेज भेजा। बाद में इनके खाते से 1 लाख रुपये ट्रांसफर कर लिए गए।
पांचवें मामले में साइबर क्राइम थाना सेंट्रल पुलिस को शिकायत सेक्टर-19 के रहने वाले कारोबारी ने दी है। इनका आरोप है कि नवंबर 2025 में ठग ने कॉल कर कहा कि उनकी कंपनी शेयर बाजार में निवेश कराकर मुनाफा दिलाती है। फिर व्हाट्सएप पर बात होने लगी और इन्हें एक ग्रुप में जोड़ा गया। बाद में लिंक भेजकर ऐप डाउनलोड कराई गई। ठगों ने 5 दिसंबर से 18 दिसंबर के दौरान अलग-अलग बैंक खातों में 11.59 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए। बाद में मुनाफे के साथ रिफंड मांगा तो ऐप ही बंद हो गई।
छठे मामले में साइबर क्राइम थाना एनआईटी पुलिस को शिकायत सेक्टर-58 थाना इलाके के रहने वाले आकाश ने दी है। इनका आरोप है कि 22 जनवरी को एक नंबर से इन्हें कॉल आई। ठग ने बैंककर्मी बनकर कहा कि आपके क्रेडिट कार्ड की इंटरनेशनल लिमिट ऑन है और इसके चार्ज लगते हैं। ये चार्ज बंद करवाने के नाम पर आरोपी ने लिंक भेजकर डिटेल डालने को कहा। आरोप है कि ये करते ही मोबाइल हैक हो गया और इनके खाते से 102673 रुपये कट गए।