फरीदाबाद। कोरोना वायरस संक्रमण को लेकर सरकार ने बिना मास्क पहने घर से निकलने पर पाबंदी लगा रखी है। सरकार के इस आदेश की जिले के लोग जमकर अनदेखी कर रहे हैं। आठ जून से पुलिस ने बिना मास्क के चालान काटना शुरू किया था, जिसमें अब तक 11987 लोगों के चालान काटे गए हैं। इससे विभाग को 59 लाख 93 हजार 500 रुपये के राजस्व की प्राप्ति हुई है।
प्रदेश सरकार ने 27 मई को कोविड-19 के संक्रमण की रोकथाम को लेकर बिना मास्क के घर से बाहर निकलने पर पाबंदी लगा दी थी। लोगों से अपील की गई थी कि घर से बाहर निकलते समय हमेशा मास्क का प्रयोग करें। बुजुर्ग व गर्भवती व आठ साल से कम उम्र के बच्चों को बिना मतलब के घर से बाहर न निकलने की सलाह दी गई थी। जिले के लोगों ने इस नियम को दरकिनार कर जमकर मखौल उड़ाया। जिले में आठ जून से अब तक 11987 लोगों के चालान काटे गए हैं, जिनसे 59 लाख 93 हजार 500 रुपये के राजस्व की प्राप्ति हुई है।
जुुर्माना लगाकर सख्ती का प्रयास
बिना मास्क के घर के बाहर निकलकर नियम को तोड़ने वालों पर सख्ती करने के लिए 500 रुपये जुर्माने को प्रभाव में लाया गया, जिसके बाद बिना मास्क पहनें शहर में घूमने वाले लोगों को चिह्नित कर उनका चालान काटकर जुर्माना वसूलने की व्यवस्था शुरू की गई।
जून-जुलाई में कटे सबसे ज्यादा चालान
बिना मास्क के घर से बाहर निकलकर कोविड के नियमों का उल्लंघन करने के मामले में पुलिस ने जून-जुलाई में सबसे अधिक लोगों को अर्थदंड से दंडित किया। पुलिस से मिले आंकड़े बताते हैं कि जून में कुल 3352 बिना मास्क के घर से बाहर निकलने वाले लोगों के चालान काटे गए। वहीं सिर्फ जुलाई में यह आंकड़ा 6298 तक पहुंच गया। अगस्त में बीते चार दिन में ही 2337 लोगों के चालान काटकर दंडित किया गया है।
कोविड के अंतर्गत बिना मास्क के घर से बाहर निकलने पर लोगों को अर्थ दंड से दंडित किया जा रहा है। मास्क पहनने के लिए पुलिस लोगों को जागरूक भी कर रही है। चालान के साथ मास्क भी दिए जा रहे हैं। अब लोग मास्क के प्रति जागरूक हो रहे हैं।
- एसीपी धारणा यादव, पुलिस पीआरओ