राज्यपाल जगन्नाथ पहाड़िया ने कहा है कि शिल्प को बढ़ावा देने के साथ-साथ कला के पारखियों के लिए भी सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेला बहुत अच्छा मंच है। यहां निर्यातकों और खरीददारों को एक साथ मिलने का अवसर प्राप्त होता है।
वह शनिवार को चौपाल पर 28वें मेले के समापन अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर उन्होंने 23 उत्कृष्ट शिल्पकारों, और बुनकरों को कला पुरस्कारों से नवाजा।
विदेशियों के लिए शुरू किया पहला कला रत्न अवार्ड काठमांडू निवासी पशमीना शॉल के बुनकर तेज नारायण राम को प्रदान किया गया। इस मौके पर थीम स्टेट गोवा, कंट्री पार्टनर श्रीलंका एवं मेजबान हरियाणा की ओर से रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए।
राज्यपाल ने कहा कि मानव सभ्यता और संस्कृति को विकसित करने में हस्तशिल्प और हथकरघा का महत्वपूर्ण योगदान है। मेला प्राधिकरण के उपाध्यक्ष विजयवर्धन ने कहा कि इस बार मेले में बेलारूस, कजाकिस्तान, उज्बेकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान, युगांडा, आइवरी कोस्ट, थाईलैंड और सार्क देशों ने भी बढ़ चढ़कर भागीदारी की है।
इस मौके पर हरियाणा पर्यटन निगम के चेयरमैन चक्रवर्ती शर्मा एवं एमडी सुमिता मिश्रा, एंकर जैनेंद्र कुमार, श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री शिवचरण लाल शर्मा, विधायक आनंद कौशिक, मेयर अशोक अरोड़ा एवं खादी बोर्ड के चेयरमैन रतिराम मौजूद रहे।
सूरजकुंड मेले के समापन पर दिए गए अवार्ड
कलारत्न पुरस्कार
काठमांडू निवासी पशमीना शॉल के बुनकर तेज नारायण राम को।
परंपरागत पुरस्कार
उड़ीसा के पट्टचित्र शिल्पी बनवाली महापात्रा
राजस्थान के मिनिएचर पेटिंग आर्टिस्ट गोपाल प्रसाद शर्मा को।
कलामणि अवार्ड
उड़ीसा के पट्टचित्र शिल्पी गंगाधर माहाराना
गुजरात के बुलन शॉल बुनकर वंकर पर्वत कांजी
उत्तर प्रदेश के काटन जामदानी सारी के बुनकर मुश्ताक सरदार
आंध्र प्रदेश के लेदर पपेट शिल्पकार वी चिन्ना कुलयापा
आंध्र प्रदेश के डबल इकात सारी के शिल्पकार जाला वेंकटेशम
उड़ीसा के पट्टचित्र शिल्पी निरंजन माहाराना
दिल्ली के वुड कार्विंग शिल्पकार शामित अंजुम
राजस्थान के बोन कार्विंग शिल्पकार जाकिर हुसैन
दिल्ली के वुड कार्विंग शिल्पकार महेश चंद शर्मा
( प्रत्येक को 11-11 हजार रुपये, शील्ड व प्रशस्ति पत्र)
कलानिधि अवार्ड
पश्चिम बंगाल से जामदानी साड़ी के बुनकर रामानंद बराक
राजस्थान के मार्बल कार्विंग के सूरज शर्मा
गोवा के टेराकोटा शिल्पी विजय बेंगरलकर
उड़ीसा के काऊ डंग ट्वायज शिल्पी जयदेव महाराना
उत्तर प्रदेश के वुड कार्विंग शिल्पी अर्शद काफिल
उत्तर प्रदेश के टेराकोटा शिल्पकार कन्हैया लाल
(प्रत्येक को 51-51 सौ रुपये शील्ड और प्रशस्ति पत्र)
कलाश्री अवार्डी
उड़ीसा की पट्टचित्र शिल्पकार मांसी बाला साहू
गुजरात के टाई एंड डाई बुनकर मोहम्मद अली मोहम्मद खतरी
उत्तर प्रदेश के टेराकोटा शिल्पी विनोद कुमार
छतीसगढ़ के ढोकरा शिल्पकार धनमति झोरका
पश्चिम बंगाल के जूट शिल्पकार सोवारानी पोडर
(प्रत्येक को 21-21 सौ रुपये, शील्ड एवं प्रशस्ति पत्र)