फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MCD स्थायी समिति चुनाव: अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनाव 12 जून को, छह जून तक नामांकन दाखिल कर सकेंगे उम्मीदवार

Wed, 04 Jun 2025 08:38 AM IST
विजय पुंडीर अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

स्थायी समिति को एमसीडी की नीति निर्माण और वित्तीय स्वीकृति से जुड़ा केंद्रीय मंच माना जाता है। एमसीडी के किसी भी बड़े प्रस्ताव को लागू करने से पहले उसे समिति की मंजूरी लेनी होती है। ऐसे में समिति के पूर्ण गठन और अध्यक्ष-उपाध्यक्ष के निर्वाचन से एमसीडी की निर्णय प्रक्रिया में स्पष्ट तेजी की उम्मीद की जा रही है।
विज्ञापन
एमसीडी मुख्यालय - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

एमसीडी की सबसे प्रभावशाली मानी जाने वाली स्थायी समिति के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनाव की अधिसूचना एमसीडी सचिवालय ने मंगलवार को जारी कर दी गई। इसके तहत मतदान 12 जून को होगा, इच्छुक उम्मीदवार छह जून तक नामांकन दाखिल कर सकेंगे। चुनाव इसलिए अहम माना जा रहा है, क्योंकि दिसंबर 2022 में चुने गए वर्तमान सदन के चौथे विधि वर्ष में पहली बार स्थायी समिति के शीर्ष पदों के लिए औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो रही है।

विज्ञापन

एमसीडी में स्थायी समिति का गठन लगभग ढाई साल से अधूरा है। इस दौरान तीन वित्तीय वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन न तो समिति के सभी सदस्य चुने जा सके और न ही अध्यक्ष-उपाध्यक्ष नियुक्त हो पाए। समिति के गठन में देरी की वजह से लगभग 250 योजनाएं फाइलों में ही अटकी रहीं, जिनमें विकास कार्यों, निर्माण परियोजनाओं, बुनियादी ढांचे और क्षेत्रीय सुविधाओं से जुड़ी अहम योजनाएं शामिल हैं। 

स्थायी समिति को एमसीडी की नीति निर्माण और वित्तीय स्वीकृति से जुड़ा केंद्रीय मंच माना जाता है। एमसीडी के किसी भी बड़े प्रस्ताव को लागू करने से पहले उसे समिति की मंजूरी लेनी होती है। ऐसे में समिति के पूर्ण गठन और अध्यक्ष-उपाध्यक्ष के निर्वाचन से एमसीडी की निर्णय प्रक्रिया में स्पष्ट तेजी की उम्मीद की जा रही है।

सभी 18 सदस्य हो चुके हैं चयनित 
वर्तमान समय में स्थायी समिति के सभी 18 सदस्य चयनित हो चुके हैं। छह सदस्य सीधे सदन से और 12 सदस्य वार्ड समितियों के माध्यम से चुने जाते हैं। सदन में छह सदस्यों का चुनाव पहले वित्तीय वर्ष में ही हो गया था, शेष 12 सदस्यों का चयन तीसरे वित्तीय वर्ष के दौरान हुआ था। इसके बाद भी भाजपा व आम आदमी पार्टी के बीच टकराव के चलते समिति का पूर्ण गठन नहीं हो सका।
विज्ञापन

भाजपा का पलड़ा भारी 
राजनीतिक समीकरणों की बात करें तो समिति में भाजपा को बहुमत प्राप्त है। ऐसे में माना जा रहा है कि अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के पदों पर भाजपा के प्रत्याशी ही विजयी होंगे। लिहाजा 12 जून का यह चुनाव एमसीडी के नीति, बजट और विकास के नजरिए से निर्णायक माना जा रहा है। अब सभी की निगाहें उस दिन पर टिकी हैं, जब ढाई साल से ठहरी एमसीडी की निर्णय प्रक्रिया फिर से सक्रिय हो सकेगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें