देशभर में चुनावी मौसम में बीच शादियों को सीजन भी शुरू हो गया है। बुधवार से सहालग शुरू हो रहे हैं, लेकिन इस पर मौसम में शादियों का रंग फीका पड़ने की पूरी संभावना है।
इसके पीछे मुख्य वजह लोकसभा चुनाव के मद्देनजर लगी आचार संहिता है। आचार संहिता की वजह से शादी की धूम और रौनक पर ग्रहण सग सकता है।
बहरहाल, लोग प्रशासन और पुलिस के चक्कर काट रहे है, जिससे तय तिथि पर उनके यहां शादी समारोह हो सके।
शादी की राह में रोड़ा बना चुनाव!
गौरतलब है कि 15 अप्रैल से शादियों के मुहूर्त शुरू हो गए हैं। इतना ही नहीं 10 बजे के बाद अगर बारात लेकर जाने की अनुमति भी मिल गई तो बैंड-बाजा और डीजे बजाने पर पूरी पाबंदी है।
ऐसे में चुनावी मौसम में शादी समारोहों का मजा किरकिरा होने वाला है। जहां कुछ लोग रात 10 बजे के पहले ही शादी समारोह संपन्न कराने में लगे हैं वहीं कुछ लोग शादी की वर्तमान तिथि रद्द कर आचार संहिता के बाद की तिथि रख रहे हैं।
सीओ इंदिरापुरम रणविजय सिंह ने बताया कि धारा 144 के चलते रात 10 बजे के बाद बारात निकालने के लिए प्रशासन से इजाजत लेनी होगी। बैंड-बाजा और डीजे नहीं बजाया जा सकता है।
चुनाव ने बढ़ा दी डिमांड
आचार संहिता के चलते पहले बैंड की बुकिंग की मांग ज्यादा हो गई है। रात नौ बजे के बजाय लोग शाम सात बजे के बैंड की बुकिंग के लिए पहुंच रहे हैं।
ज्ञान खंड निवासी उमेश चंद्र गुप्ता ने बताया कि शादी के चलते पहले ही इतना काम है, फिर बारात के लिए अनुमति लेने की बात भी पता चली। ऐसे में पहला बैंड ही बुक कराया है, जिससे परेशानी नहीं हो।
इंदिरापुरम में परिवार में विवाह के लिए आए गिरीश श्रीवास्तव ने बताया कि अनुमति नहीं मिलने के चलते रात 10 बजे के पहले ही विवाह समारोह संपन्न कराया जाएगा।
इस महीने कब-कब गूंजेगी शहनाई?
अप्रैल महीने की पहली सहालग पर अधिकतर बैंक्वेट हॉल और फार्म हाउस आदि की बुकिंग हो चुकी है। पंडित दुलीदत्त कौशिक ने बताया कि इस 16 तारीख के बाद से लगातार शादियों के शुभ साए हैं।
अप्रैल में 16, 17, 18, 19, 20, 21, 22 और 26 को शुभ साए हैं। इसके बाद दो मई को अक्षय तृतीया का अबुझ साया है। इस दिन शहर भर में पांच सौ से अधिक शादियां होती हैं।
शादियों के सीजन में मालीवाड़ा, जीटी रोड, हापुड़ रोड, एनएच-58, लालकुआं, मोहननगर, इंदिरापुरम, वैशाली, वसुंधरा आदि जगहों पर भयंकर जाम लगने की उम्मीद है। मुख्य सड़कों के अलावा वसुंधरा, वैशाली इंदिरापुरम में अंदर के क्षेत्रों में फार्म हाउस होने की वजह से जाम की स्थित बनी रहती।