दिल्ली में राजधानी में ई-रिक्शा पर पाबंदी हटने के साथ ही इसकी कीमत में उछाल और इस पर सफर भी महंगा हो गया है। इससे पहले लगभग यह बंद होने के कगार पर था।
गत मंगलवार को रामलीला मैदान में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने पाबंदी हटाने की घोषणा के साथ ही इस पर चल रही कार्रवाई पर भी रोक लगा दी थी। अब बिना लाइसेंस चलाने की मंजूरी की घोषणा हो चुकी है। पंजीकरण भी 100 रुपये देकर हो जाएगा।
सड़कों पर ई-रिक्शा बढ़े हुए किराये के साथ फर्राटा भर रहे हैं। पहले जहां किराया 10 रुपये था अब वह 15 हो चुका है। पहले 30 रुपये में बुक करके जा सकते थे अब 40-50 रुपये तक मांग रहे हैं।
पहले राजीव चौक मेट्रो स्टेशन से गुरुद्वारा तक 10 रुपये प्रति सवारी लेते थे। अब वह पंद्रह ले रहे हैं। कारण बताते हैं कि अब सिर्फ चार सवारी बिठा सकते हैं। पहले ज्यादा सवारी होती थीं तो किराया भी कम लगता था।
यही हाल ई-रिक्शा बाजार का है। झील मार्केट में ई-रिक्शा डीलर हरीश ने बताया कि पूछताछ करने वालों की संख्या बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि सबसे ज्यादा रेट 650 वाट वाले ई रिक्शा का हुआ है।
यह एक लाख से ऊपर चला गया है। गोल मार्केट में ई-रिक्शा डीलर ने बताया कि पहले 70 से लेकर 90 हजार के अंदर ई-रिक्शा आ जाता था। यह दाम उसमें लगी बैट्री व उसकी क्षमता पर निर्भर करता है। अब यह एक लाख से ऊपर हो गया है।